कोयला मंत्रालय की स्टार रेटिंग में धनबाद का दबदबा, BCCL की मुनीडीह बनी देश की 5-स्टार शान

Coal Ministry Star Rating 2024-25: कोयला मंत्रालय की स्टार रेटिंग में BCCL की मुनीडीह भूमिगत खदान को 5-स्टार रेटिंग मिली है। टाटा स्टील की सिजुआ और भेलाटांड़ खदानें भी 5-स्टार श्रेणी में शामिल हुई हैं। जानिए 131 भूमिगत खदानों की पूरी रैंकिंग और धनबाद के लिए क्यों है यह बड़ी उपलब्धि।

कोयला मंत्रालय की स्टार रेटिंग में धनबाद का दबदबा, BCCL की मुनीडीह बनी देश की 5-स्टार शान
CCL CMD मनोज अग्रवाल के नेतृत्व में चमकी कोयला खदानें।

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      HighLights:

  • BCCLकी मुनीडीह भूमिगत खदान को मिली सर्वोच्च 5.स्टार रेटिंग
  • टाटा स्टील की सिजुआ और भेलाटांड़ अमलगमेटेड खदानें भी 5.स्टार श्रेणी में शामिल
  • कोयला मंत्रालय ने देश की 131 भूमिगत खदानों का किया मूल्यांकन
  • सुरक्षा पर्यावरणए उत्पादन और श्रमिक कल्याण के आधार पर हुई रैंकिंग
  • BCCLकी जमुनिया भूमिगत खदान को 4.स्टार रेटिंग मिली
  • इस वर्ष किसी भी खदान को 1.स्टार या नो.स्टार रेटिंग नहीं मिली

धनबाद (Threesocieties.com Desk): कोयला नगरी धनबाद के लिए एक और बड़ी उपलब्धि सामने आई है। कोयला मंत्रालय द्वारा वित्तीय वर्ष 2024.25 के लिए जारी भूमिगत (Underground) कोयला खदानों की स्टार रेटिंग में धनबाद की खदानों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर अपनी मजबूत पहचान दर्ज कराई है। भारत कोकिंग कोल लिमिटेड(BCCL) की मुनीडीह भूमिगत खदान को सर्वोच्च 5.स्टार रेटिंग प्रदान की गई है। वहीं टाटा स्टील की सिजुआ कोलियरी और भेलाटांड़ अमलगमेटेड खदान भी 5.स्टार श्रेणी में शामिल हुई हैं।

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यह उपलब्धि सुरक्षाए पर्यावरण संरक्षणए उत्पादन क्षमताए तकनीकी नवाचारए संसाधनों के बेहतर उपयोग और सतत (Sustainable) खनन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य का प्रमाण मानी जा रही है। इससे धनबाद की खनन परियोजनाओं की राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठा और मजबूत हुई है।

देश की 131 भूमिगत खदानों का हुआ मूल्यांकन

कोयला मंत्रालय ने इस वर्ष देशभर की 131 भूमिगत कोयला खदानों का विस्तृत मूल्यांकन किया। स्टार रेटिंग प्रणाली के तहत सुरक्षाए पर्यावरण संरक्षणए श्रमिक कल्याणए संसाधनों का कुशल उपयोगए उत्पादन क्षमता और आधुनिक तकनीकों के उपयोग सहित कई मानकों पर खदानों का आकलन किया गया। रेटिंग के अनुसार—

स्टार रेटिंग                             खदानों की संख्या
⭐⭐⭐⭐⭐ (5-स्टार)                16
⭐⭐⭐⭐ (4-स्टार)                      60
⭐⭐⭐ (3-स्टार)                           49
⭐⭐ (2-स्टार)                                 6
⭐ (1-स्टार)                                      0
नो-स्टार                                               0

कुल 131

सबसे उल्लेखनीय बात यह रही कि इस वर्ष किसी भी भूमिगत खदान को 1.स्टार या नो.स्टार रेटिंग नहीं मिलीए जो भारतीय भूमिगत खनन क्षेत्र में गुणवत्ता और सुरक्षा के बढ़ते स्तर का संकेत माना जा रहा है।

देश में सबसे आगे रही SCCL की रवींद्राखानी न्यू टेक माइन

राष्ट्रीय स्तर पर SCCL की रवींद्राखानी न्यू टेक माइन ने 99 प्रतिशत अंक प्राप्त कर पहला स्थान हासिल किया। इसके अलावा SECL, WCL, MCL, RCCPL, BCCL और टाटा स्टील की कई भूमिगत खदानों को भी 5.स्टार रेटिंग से सम्मानित किया गया।

जमुनिया खदान को मिली 4.स्टार रेटिंग

धनबाद के लिए एक और सकारात्मक खबर यह रही कि ठब्ब्स् की जमुनिया भूमिगत खदान को 4.स्टार रेटिंग प्रदान की गई है। इससे स्पष्ट होता है कि ठब्ब्स् की कई परियोजनाएं सुरक्षा और उत्पादन के क्षेत्र में लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही हैं।

क्यों महत्वपूर्ण है स्टार रेटिंग

कोयला मंत्रालय की स्टार रेटिंग प्रणाली का उद्देश्य देश की खदानों में सुरक्षितए जिम्मेदार और पर्यावरण.अनुकूल खनन को बढ़ावा देना है। इस मूल्यांकन में केवल उत्पादन ही नहीं बल्कि श्रमिकों की सुरक्षाए हरित पहलए संसाधनों का संरक्षण आधुनिक तकनीक का उपयोग और सामाजिक उत्तरदायित्व जैसे पहलुओं को भी बराबर महत्व दिया जाता है।

मुनीडीहए सिजुआ और भेलाटांड़ जैसी खदानों का 5.स्टार श्रेणी में पहुंचना यह दर्शाता है कि धनबाद की खनन परियोजनाएं अब केवल उत्पादन ही नहीं बल्कि गुणवत्ताए सुरक्षा और सतत विकास के क्षेत्र में भी देश के अग्रणी संस्थानों में शामिल हो चुकी हैं।

धनबाद के लिए गर्व की उपलब्धि

मुनीडीह को 5.स्टार रेटिंग मिलने से BCCL की कार्यशैली और खनन प्रबंधन को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिली है। वहीं टाटा स्टील की सिजुआ और भेलाटांड़ खदानों की सफलता ने यह साबित किया है कि धनबाद आज भी देश के कोयला उद्योग का सबसे मजबूत और भरोसेमंद केंद्र बना हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस उपलब्धि से भविष्य में धनबाद की खनन परियोजनाओं में आधुनिक तकनीकए निवेश और उत्पादन क्षमता को और अधिक बढ़ावा मिलेगा।