- राजवीर-करमवीर सिंह को कोर्ट से राहत
- इससे पहले अनंत सिंह को भी मिल चुकी है जमानत
पटना (Threesocieties.com Desk): दुलारचंद यादव हत्याकांड में जेडीयू विधायक अनंत सिंह के परिवार को बड़ी राहत मिली है। पटना हाई कोर्ट ने उनके भतीजों राजवीर सिंह और करमवीर सिंह की अग्रिम जमानत याचिका को मंजूरी दे दी है। कोर्ट के इस फैसले के बाद दोनों को गिरफ्तारी से राहत मिल गई है।
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कोर्ट ने क्या कहा
न्यायाधीश प्रभात कुमार सिंह की एकलपीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए वरिष्ठ अधिवक्ता नरेश दीक्षित और अधिवक्ता कुमार हर्षवर्दन की दलीलों पर विचार किया। दोनों पक्षों को सुनने और केस डायरी का अवलोकन करने के बाद अदालत ने अग्रिम जमानत देने का आदेश पारित किया। कोर्ट ने साफ निर्देश दिया है कि दोनों आरोपी जांच में सहयोग करेंगे और जांच एजेंसियों के साथ पूरी तरह से उपस्थित रहेंगे।
पहले भी मिल चुकी है राहत
इससे पहले इसी मामले में विधायक अनंत सिंह को भी 19 मार्च को हाई कोर्ट से नियमित जमानत मिल चुकी है। वह 2 नवंबर 2025 से बेऊर जेल में बंद थे और करीब साढ़े चार महीने बाद उन्हें राहत मिली थी।
क्या है पूरा मामला
यह मामला 30 अक्टूबर 2025 का है। मोकामा के घोसवरी थाना क्षेत्र के बसावनचक गांव में चुनाव प्रचार के दौरान जन सुराज समर्थक दुलारचंद यादव की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में अनंत सिंह, उनके भतीजे राजवीर सिंह और करमवीर सिंह समेत कई लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया था।
आरोप क्या हैं?
एफआईआर के मुताबिक, राजवीर और करमवीर सिंह पर आरोप है कि उन्होंने दुलारचंद यादव को जबरदस्ती गाड़ी से खींच लिया, जिसके बाद अनंत सिंह ने गोली चलाई। बताया गया कि गोली उनके बाएं पैर में लगी, जिसके बाद उनकी मौत हो गई।
बचाव पक्ष vs अभियोजन
सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने अदालत में दलील दी कि दोनों आरोपियों को राजनीतिक द्वेष के कारण फंसाया गया है और उनके खिलाफ कोई ठोस साक्ष्य मौजूद नहीं है। वहीं, अभियोजन पक्ष ने आरोपों की गंभीरता का हवाला देते हुए जमानत का विरोध किया। हालांकि, सभी तथ्यों पर विचार करने के बाद अदालत ने दोनों को अग्रिम जमानत दे दी।