बीसीसीएल सीएमडी को जान का खतरा! कोयला चोरी रोकना पड़ा भारी, हाईकोर्ट से मांगी सुरक्षा
बीसीसीएल सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल ने जान को खतरा बताते हुए झारखंड हाईकोर्ट से सुरक्षा मांगी है। कोयला चोरी रोकने के बाद कथित हत्या की साजिश की बात सामने आई है। धनबाद पुलिस ने सीएमडी आवास की सुरक्षा बढ़ाकर जांच शुरू कर दी है।
HighLights:
- बीसीसीएल सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल ने जान को खतरा बताते हुए हाईकोर्ट से सुरक्षा मांगी
- कोयला चोरी रोकने के बाद कथित तौर पर हत्या की साजिश रचे जाने का दावा
- सीआईएसएफ जवान द्वारा टेंपो में दो लोगों की बातचीत सुनने का हवाला
- हाईकोर्ट ने पूछा- धमकी की सूचना पुलिस को क्यों नहीं दी गई?
धनबाद (Threesocieties.com Desk): कोल इंडिया की अनुषंगी कंपनी भारत कोकिंग कोल लिमिटेड (BCCL) के सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल को जान से मारने की धमकी मिलने का मामला सामने आया है। कोयला चोरी और अवैध कोयला कारोबार पर रोक लगाने के बाद कथित तौर पर उनके खिलाफ साजिश रचे जाने की आशंका जताई गई है। मामले को गंभीरता से लेते हुए धनबाद पुलिस ने उनके आवास की सुरक्षा बढ़ा दी है।

सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल ने अपनी जान को खतरा बताते हुए झारखंड हाईकोर्ट से सुरक्षा की मांग की है। गुरुवार को मामले की सुनवाई के दौरान कोर्ट के समक्ष बताया गया कि बीसीसीएल में कोयला चोरी पर कार्रवाई और रोक लगाने के बाद कथित रूप से कोयला माफिया उनके खिलाफ साजिश रच रहे हैं।
टेंपो में हुई बातचीत से सामने आई साजिश की बात
सुनवाई के दौरान सीएमडी की ओर से एक सीआईएसएफ जवान के हवाले से कथित धमकी की जानकारी कोर्ट को दी गई। बताया गया कि जवान ने कहीं जाते समय एक टेंपो में सवार दो लोगों को आपस में बातचीत करते सुना था। कथित बातचीत में बीसीसीएल सीएमडी को नुकसान पहुंचाने और उनकी हत्या की साजिश से जुड़ी बातें सामने आने का दावा किया गया। इसी सूचना के आधार पर सीएमडी की सुरक्षा का मुद्दा हाईकोर्ट के समक्ष उठाया गया। हालांकि, धमकी देने वाले व्यक्ति या समूह की पहचान अभी स्पष्ट नहीं है।
हाईकोर्ट ने पूछा- पुलिस को सूचना क्यों नहीं दी?
सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने इस मामले में महत्वपूर्ण सवाल उठाया। कोर्ट ने पूछा कि यदि सीएमडी को उनकी हत्या की साजिश की जानकारी मिली थी, तो इसकी सूचना स्थानीय पुलिस या बीसीसीएल की सुरक्षा में तैनात सीआईएसएफ को तत्काल क्यों नहीं दी गई। कोर्ट को बताया गया कि इस संबंध में पुलिस अथवा सीआईएसएफ को पहले कोई औपचारिक सूचना नहीं दी गई थी। इसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कदम उठाए गए।
सीएमडी आवास की बढ़ाई गई सुरक्षा
मामला सामने आने के बाद धनबाद पुलिस सक्रिय हो गई। गुरुवार देर रात सरायढेला थाना की पुलिस टीम बीसीसीएल सीएमडी के आवास पहुंची और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। पुलिस ने एहतियातन आवास के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी है। सरायढेला थाना प्रभारी मंजीत कुमार भी सीएमडी आवास पहुंचे और सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया। इसके बाद आसपास पुलिस बल की तैनाती की गई।जानकारी के अनुसार धनबाद एसएसपी प्रभात कुमार ने सरायढेला थाना पुलिस को मामले की जांच कर विस्तृत रिपोर्ट देने का निर्देश दिया है।
सीएमडी की ओर से नहीं दी गई लिखित शिकायत
फिलहाल सीएमडी की ओर से धनबाद पुलिस को धमकी के संबंध में कोई लिखित शिकायत दिए जाने की जानकारी नहीं है। इसके बावजूद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा बढ़ाई है। पुलिस कथित धमकी की सूचना की विश्वसनीयता की जांच कर रही है। साथ ही तकनीकी जांच के जरिए यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि धमकी के पीछे कौन लोग हो सकते हैं और इसका वास्तविक मकसद क्या है।
भूधंसान की घटना से भी जोड़ा जा रहा मामला
पुलिस धमकी के मामले को हाल के घटनाक्रमों से जोड़कर भी जांच कर रही है। कतरास के छाताबाद में हुई भूधंसान की घटना के बाद स्थानीय लोगों में बीसीसीएल प्रबंधन के खिलाफ नाराजगी देखने को मिली थी। घटना के बाद लोगों ने सीएमडी समेत बीसीसीएल के अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की थी। इस दौरान प्रदर्शन और थाना घेराव जैसी स्थिति भी बनी थी। बाद में पुलिस ने सीएमडी समेत कई अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। ऐसे में पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि धमकी का संबंध भूधंसान से उपजे आक्रोश से है या फिर इसके पीछे अवैध कोयला कारोबार से जुड़े लोगों की भूमिका है।
अवैध कोयला कारोबार भी जांच के दायरे में
बीसीसीएल में कोयला चोरी और अवैध कोयला कारोबार पर रोक लगाने की कार्रवाई को भी पुलिस जांच का अहम एंगल मान रही है। आशंका जताई जा रही है कि कोयला चोरी पर सख्ती से प्रभावित किसी गिरोह या अवैध कारोबार से जुड़े लोगों की ओर से धमकी दी गई हो सकती है। हालांकि पुलिस ने अभी तक किसी व्यक्ति या गिरोह का नाम सार्वजनिक नहीं किया है। पुलिस अज्ञात नंबर से आए संभावित कॉल, संबंधित लोगों की गतिविधियों और कथित बातचीत की जानकारी के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।
तकनीकी जांच में जुटी पुलिस
धनबाद पुलिस धमकी से जुड़े सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि कथित धमकी कब, कहां और किस माध्यम से दी गई। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि सीआईएसएफ जवान द्वारा सुनी गई बातचीत वास्तव में सीएमडी को निशाना बनाने की किसी साजिश से जुड़ी थी या नहीं। फिलहाल मामले में किसी आरोपी की गिरफ्तारी की सूचना नहीं है। पुलिस की जांच और सुरक्षा एजेंसियों से मिलने वाली जानकारी के बाद ही धमकी की वास्तविकता और उसके पीछे की वजह स्पष्ट हो सकेगी।
फिलहाल बीसीसीएल सीएमडी की सुरक्षा बढ़ाए जाने के बाद धनबाद में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। कोयला चोरी, अवैध कारोबार और भूधंसान से जुड़े अलग-अलग पहलुओं की जांच के बीच पुलिस के सामने यह पता लगाने की चुनौती है कि सीएमडी को मिली कथित धमकी के पीछे आखिर कौन है।




