भारतीय रेलवे में 5,664 नई नौकरियों का रास्ता साफ, JE-SSE समेत कई पदों पर भर्ती

भारतीय रेलवे में 5,664 नए लेवल-6 और लेवल-7 पदों को मंजूरी मिली है। पहले चरण में 2,832 पदों पर भर्ती होगी। JE, SSE समेत कई तकनीकी पद शामिल हैं।

भारतीय रेलवे में 5,664 नई नौकरियों का रास्ता साफ, JE-SSE समेत कई पदों पर भर्ती
रेलवे में बंपर भर्ती की तैयारी।

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     HighLights:

  • भारतीय रेलवे में 5,664 नए लेवल-6 और लेवल-7 पद सृजित
  • नए पदों में 2,292 लेवल-6 और 3,372 लेवल-7 के पद शामिल
  • पहले चरण में 2,832 पदों पर भर्ती की जाएगी
  • JE, SSE, स्टेशन मास्टर, कंट्रोलर और कमर्शियल पदों की बड़ी संख्या शामिल

नई दिल्ली (Threesocieties.com Desk):  भारतीय रेलवे में तकनीकी और पर्यवेक्षकीय व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। वित्त मंत्रालय की मंजूरी के बाद रेलवे में लेवल-6 और लेवल-7 के 5,664 नए पद सृजित किए गए हैं। इन पदों को चरणबद्ध तरीके से भरने की तैयारी है। इससे रेलवे के इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रिकल, मैकेनिकल, सिग्नल एवं टेलीकॉम, परिचालन और वाणिज्यिक विभागों में मानव संसाधन मजबूत होगा।

पहले चरण में 2,832 पदों पर भर्ती

रेलवे में स्वीकृत 5,664 नए पदों में लेवल-6 के 2,292 और लेवल-7 के 3,372 पद शामिल हैं। रेलवे ने फिलहाल पहले चरण में इनमें से 2,832 पदों को भरने की योजना बनाई है। इसके अलावा रेलवे में पहले से खाली पड़े 21,978 पदों को भरने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जाएगी। मौजूदा रिक्तियों का करीब 80 प्रतिशत हिस्सा भरने के बाद नए स्वीकृत पदों के दूसरे चरण की भर्ती शुरू करने का प्रस्ताव है।इस पूरी प्रक्रिया का उद्देश्य रेलवे के तकनीकी और पर्यवेक्षकीय ढांचे को मजबूत करना है। इसके साथ ही रेलवे पदों के मौजूदा ढांचे को भी पुनर्गठित कर रहा है। इसके तहत निचले स्तर के 10,939 पदों को सरेंडर कर नए सिरे से पदों का संतुलन तैयार किया जा रहा है।

JE और SSE के हजारों पद शामिल

नए स्वीकृत पदों में इंजीनियरिंग और तकनीकी विभागों की बड़ी हिस्सेदारी है। इससे रेलवे की तकनीकी व्यवस्था को मजबूती मिलने की उम्मीद है। सिविल इंजीनियरिंग विभाग में 424 जूनियर इंजीनियर (JE) और 860 सीनियर सेक्शन इंजीनियर (SSE) के पद शामिल हैं।इलेक्ट्रिकल विभाग में 364 JE और 739 SSE के पद रखे गए हैं। वहीं मैकेनिकल विभाग में 265 JE और 537 SSE के पद शामिल हैं।इसी तरह सिग्नल एवं टेलीकॉम विभाग में 336 JE और 683 SSE के पद सृजित किए गए हैं। इन पदों के जरिए रेलवे की तकनीकी और पर्यवेक्षकीय क्षमता को बढ़ाने की योजना है।

स्टेशन मास्टर से लेकर कमर्शियल पद भी शामिल

रेलवे के परिचालन और वाणिज्यिक विभाग में भी बड़ी संख्या में पदों को मंजूरी दी गई है। इनमें 533 स्टेशन मास्टर/कंट्रोलर और 356 स्टेशन अधीक्षक/चीफ कंट्रोलर के पद शामिल हैं।इसके अलावा 334 चीफ कमर्शियल कम टिकट सुपरवाइजर और 143 कमर्शियल सुपरिंटेंडेंट के पद भी नए स्वीकृत पदों में शामिल हैं। इससे रेलवे के परिचालन, स्टेशन प्रबंधन और वाणिज्यिक गतिविधियों से जुड़े मानव संसाधन को मजबूत करने की योजना है।

स्टोर्स विभाग में भी पद सृजित

नए पदों के ढांचे में स्टोर्स विभाग को भी शामिल किया गया है। इसमें डिपो मटीरियल सुपरिंटेंडेंट और चीफ डिपो मटीरियल सुपरिंटेंडेंट जैसे पर्यवेक्षकीय पद शामिल हैं। रेलवे में तकनीकी और पर्यवेक्षकीय पदों की संख्या बढ़ाने का यह फैसला ऐसे समय में आया है, जब रेलवे अपने मानव संसाधन ढांचे को अधिक व्यवस्थित करने और रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया को आगे बढ़ा रहा है।

दिव्यांग रेल कर्मचारियों के लिए भी महत्वपूर्ण आदेश

रेलवे बोर्ड ने दिव्यांग कर्मचारियों के पदोन्नति संबंधी अधिकारों को लेकर भी महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है। इसके तहत नोटेशनल प्रमोशन के लिए 1,023 सुपरन्यूमरेरी पद सृजित किए गए हैं।इनमें 38 गजटेड और 985 नॉन-गजटेड पद शामिल हैं। इन पदों के सृजन का उद्देश्य पात्र दिव्यांग रेल कर्मचारियों को पदोन्नति से जुड़े अधिकारों का लाभ उपलब्ध कराना है।

21,978 मौजूदा रिक्तियों पर भी फोकस

रेलवे की योजना केवल नए पद सृजित करने तक सीमित नहीं है। पहले से खाली पड़े 21,978 पदों को भरने की प्रक्रिया को भी आगे बढ़ाया जा रहा है। मौजूदा रिक्तियों का बड़ा हिस्सा भरने के बाद नए स्वीकृत पदों के अगले चरण में भर्ती की प्रक्रिया शुरू करने का प्रस्ताव है। इस तरह रेलवे में एक तरफ नए तकनीकी और पर्यवेक्षकीय पद जोड़े जा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर मौजूदा रिक्तियों को भरने और पुराने पद ढांचे को पुनर्गठित करने की प्रक्रिया भी चल रही है।