Highlights:

  •  मारवाड़ी सम्मेलन, झरिया की ओर से 24 अक्टूबर को ‘एक शाम देश के नाम’ का आयोजन
  • वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर विशेष कार्यक्रम
  • शाम 5 बजे अंतरविद्यालयी वंदे मातरम् गायन प्रतियोगिता, देशभक्ति गीत-संगीत एवं प्रबोधन
  • शाम 7:30 बजे से कवि सम्मेलन, देश के विभिन्न क्षेत्रों से प्रतिष्ठित कवि, साहित्यकार और कलाकार लेंगे हिस्सा

धनबाद/झरिया (Threesocieties.com Desk): महाराजा श्री अग्रसेन जयंती पखवाड़ा के अंतर्गत मारवाड़ी सम्मेलन, झरिया की ओर से शनिवार, 24 अक्टूबर 2026 को ‘एक शाम देश के नाम’ कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया जाएगा। वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित इस विशेष संध्या में देशभक्ति गीत-संगीत, प्रबोधन और कवि सम्मेलन के जरिए राष्ट्रप्रेम, भारतीय संस्कृति तथा साहित्य की समृद्ध परंपरा का संदेश दिया जाएगा। कार्यक्रम श्री अग्रवाल धर्मशाला, नया भवन, झरिया में आयोजित होगा।

इस आयोजन का उद्देश्य नई पीढ़ी में देशभक्ति की भावना जागृत करने, भारतीय सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने और संगीत व साहित्य के माध्यम से राष्ट्रीय एकता का संदेश जन-जन तक पहुंचाना है। कार्यक्रम में देश के विभिन्न क्षेत्रों से आमंत्रित प्रतिष्ठित कवि, साहित्यकार और कलाकार अपनी प्रस्तुतियों से श्रोताओं को मंत्रमुग्ध करेंगे।

वंदे मातरम् के 150 वर्ष पर विशेष गीत-संगीत कार्यक्रम

प्रसिद्ध कवि प्रो. डॉ. राहुल अवस्थी ने प्रेस को संबोधित करते हुए बताया कि भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के अमूल्य मुक्ति मंत्र ‘वंदे मातरम्’ पर केंद्रित विशेष गीत-संगीत कार्यक्रम प्रस्तुत किया जाएगा। इसका उद्देश्य बच्चों और युवाओं के मन में राष्ट्रप्रेम के बीज अंकुरित करना तथा उनमें संस्कारों का निर्माण करना है।उन्होंने बताया कि हिंदी की विभिन्न बोलियों में रचित गीतों की संगीतमय प्रस्तुतियों के माध्यम से देशभक्ति, भारतीय सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्रीय गौरव की भावना को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। कार्यक्रम के जरिए नई पीढ़ी को देश के गौरवशाली इतिहास और स्वतंत्रता संग्राम की प्रेरणादायक विरासत से परिचित कराने पर विशेष जोर रहेगा।

संगीत और साहित्य से राष्ट्रीय एकता का संदेश

कार्यक्रम प्रभारी श्री असीम अग्रवाल ने कहा कि आयोजन का मुख्य उद्देश्य संगीत और साहित्य के माध्यम से राष्ट्रीय एकता, सांस्कृतिक चेतना और सकारात्मक विचारों का प्रसार करना है। वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे होने का अवसर देश के प्रति समर्पण, गौरव और एकता की भावना को मजबूत करने का महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने कहा कि इस तरह के सांस्कृतिक आयोजन नई पीढ़ी को देश की परंपराओं, साहित्य और सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। आयोजन में देशभक्ति से ओतप्रोत गीतों और कविताओं के जरिए राष्ट्र के प्रति सम्मान तथा सामाजिक समरसता का संदेश दिया जाएगा।

कवि सम्मेलन में शामिल होंगे देशभर के प्रतिष्ठित रचनाकार

कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण कवि सम्मेलन होगा, जिसमें देश के विभिन्न क्षेत्रों से आमंत्रित प्रतिष्ठित कवि और साहित्यकार अपनी रचनाओं का पाठ करेंगे। कवि सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में कोल इंडिया के सीवीओ श्री ब्रजेश कुमार त्रिपाठी उपस्थित रहेंगे। कवि सम्मेलन में साहित्य अकादमी पुरस्कार से सम्मानित डॉ. सुशील साहिल, बीज वक्ता प्रो. डॉ. राहुल अवस्थी (अमरोहा, उत्तर प्रदेश), कोल इंडिया के ईडी श्री ओम प्रकाश मिश्र, प्रो. डॉ. गिरिधर राय (गाजीपुर), साहित्य अकादमी पुरस्कार से सम्मानित श्री शैलेन्द्र पाण्डेय ‘शील’ (बक्सर), डॉ. सर्वेश त्रिपाठी (पूर्व कुलपति, लखनऊ), श्री सूरज सिंह राजपूत (लखनऊ), श्री विवेक शर्मा (उज्जैन), सुश्री सोनी संध्या (जमशेदपुर), श्री राजीव कुमार सिंह (रांची), श्री लक्ष्मीकांत शर्मा (कोलकाता), गीतकार श्री राहुल राठौर (अकोदिया, भोपाल) तथा सीए डॉ. शैलेन्द्र सिंह राठौड़ सहित अनेक रचनाकार अपनी काव्य प्रस्तुतियां देंगे।

देश के अलग-अलग हिस्सों से आने वाले रचनाकारों की मौजूदगी से कार्यक्रम में साहित्यिक विविधता देखने को मिलेगी। कविता, विचार और देशभक्ति से जुड़ी प्रस्तुतियों के माध्यम से श्रोताओं को साहित्यिक रसास्वादन के साथ राष्ट्रीय चेतना का संदेश भी मिलेगा।

देशभक्ति गीत-संगीत की विशेष प्रस्तुतियां

कवि सम्मेलन के साथ देशभक्ति गीत-संगीत की विशेष प्रस्तुतियां भी कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण होंगी। गायन कलाकारों में बुलबुल, कुमार उत्तम, आशीष कुमार मिश्र, अभिश्री, अदिति और डॉ. सुशील साहिल शामिल हैं। संगीत संगत में राजीव सिंह ढोलक, सोनू पाण्डेय तबला, सुशील साहिल हारमोनियम, चन्द्रकांत कीबोर्ड, अमित झा पर्कशन और कुमार बसंत ऑक्टोपैड पर अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। संगीत और काव्य की इन प्रस्तुतियों के माध्यम से वंदे मातरम् की भावना, देश की सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्र के प्रति समर्पण को अभिव्यक्त किया जाएगा।

शाम 5 बजे से शुरू होंगे कार्यक्रम

आयोजकों की ओर से कार्यक्रम की समय-सारणी भी जारी की गई है। इसके अनुसार शाम 5 बजे से अंतरविद्यालयी ‘वंदे मातरम्’ गायन प्रतियोगिता आयोजित होगी। इसके बाद शाम 5:30 बजे से गीत-संगीत एवं प्रबोधन का कार्यक्रम शुरू होगा। शाम 7:30 बजे से कवि सम्मेलन आयोजित किया जाएगा।

कार्यक्रम की समय-सारणी

शाम 5 बजे: अंतरविद्यालयी ‘वंदे मातरम्’ गायन प्रतियोगिता

शाम 5:30 बजे: देशभक्ति गीत-संगीत एवं प्रबोधन

शाम 7:30 बजे: कवि सम्मेलन

प्रेस वार्ता में मौजूद रहे सम्मेलन के पदाधिकारी और साहित्यकार

कार्यक्रम की जानकारी देने के लिए आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान मारवाड़ी सम्मेलन, झरिया के संयुक्त सचिव श्री मोहित अग्रवाल, महाराजा श्री अग्रसेन जयंती पखवाड़ा के संयोजक डॉ. मनीष शर्मा, श्री दिनेश शर्मा, श्री राहुल अग्रवाल और समृद्धि शाखा की अध्यक्ष श्रीमती जया अग्रवाल उपस्थित थीं।इसके अलावा कवि श्री शैलेन्द्र पाण्डेय ‘शील’, श्री राजीव सिंह, श्री विवेक शर्मा और श्री राहुल राठौर भी मौजूद थे। प्रेस वार्ता में कार्यक्रम की रूपरेखा और इसके सांस्कृतिक उद्देश्यों की जानकारी दी गई।

झरिया के लोगों से कार्यक्रम में शामिल होने की अपील

कार्यक्रम प्रभारी श्री असीम अग्रवाल ने झरिया और आसपास के क्षेत्रों के गणमान्य नागरिकों, साहित्यप्रेमियों, संगीतप्रेमियों तथा देशभक्तों से अधिकाधिक संख्या में कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की है। उन्होंने लोगों से इस विशेष सांस्कृतिक संध्या का हिस्सा बनकर आयोजन की गरिमा बढ़ाने का आग्रह किया है।कार्यक्रम का सहयोगी संस्थान ‘सरस भारत’ है। आयोजकों को उम्मीद है कि देशभक्ति गीतों, साहित्य और कविताओं से सजी यह संध्या लोगों में राष्ट्रप्रेम, सांस्कृतिक गौरव और राष्ट्रीय एकता की भावना को मजबूत करेगी।

कार्यक्रम संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी

कार्यक्रम: ‘एक शाम देश के नाम’ एवं कवि सम्मेलन

आयोजक: मारवाड़ी सम्मेलन, झरिया

अवसर: महाराजा श्री अग्रसेन जयंती पखवाड़ा एवं वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने का अवसर

दिनांक: शनिवार, 24 अक्टूबर 2026

समय: शाम 5 बजे से

स्थान: श्री अग्रवाल धर्मशाला, नया भवन, झरिया

कार्यक्रम प्रभारी: श्री असीम अग्रवाल

संपर्क नंबर: 9835583333

सहयोगी संस्थान: सरस भारत