Dhanbad झरिया मास्टर प्लान: बेलगड़िया-कर्माटांड़ पहुंचे PM Advisor तरुण कपूर, विकास कार्यों का लिया जायजा

PM Advisor तरुण कपूर ने धनबाद के बेलगड़िया और कर्माटांड़ टाउनशिप का दौरा कर झरिया मास्टर प्लान के तहत पुनर्वास, विकास, आधारभूत सुविधाओं और कौशल विकास कार्यों की समीक्षा की।

Dhanbad झरिया मास्टर प्लान: बेलगड़िया-कर्माटांड़ पहुंचे PM Advisor तरुण कपूर, विकास कार्यों का लिया जायजा
झरिया मास्टर प्लान की जमीनी हकीकत देखने पहुंचे PM के Advisor तरुण कपूर।

Advertisement

     HighLights:

  • पीएम के सलाहकार तरुण कपूर ने बेलगड़िया और कर्माटांड़ टाउनशिप का दौरा किया
  • झरिया मास्टर प्लान के तहत पुनर्वास, आधारभूत संरचना और विकास कार्यों की समीक्षा की
  • कर्माटांड़ में स्कूल का निरीक्षण, पौधरोपण और विद्यार्थियों से संवाद किया
  • बेलगड़िया में सामुदायिक एवं विकास सुविधाओं का उद्घाटन किया गया

धनबाद (Threesocieties.com Desk): झरिया मास्टर प्लान के तहत चल रहे पुनर्वास, आधारभूत संरचना और विकास कार्यों की जमीनी प्रगति का जायजा लेने के लिए प्रधानमंत्री के सलाहकार तरुण कपूर ने मंगलवार, 1 सितंबर 2026 को बेलगड़िया और कर्माटांड़ टाउनशिप का दौरा किया। उनके दौरे के दौरान विभिन्न विकास परियोजनाओं, सामुदायिक सुविधाओं, कौशल विकास और पुनर्वास से जुड़े कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गयी।

दौरे के दौरान Coal India Limited के चेयरमैन बी. साईराम, कोयला मंत्रालय के Advisor (Projects) आलोक कुमार सिंह, वस्त्र मंत्रालय की Joint Secretary अलका नंदा दयाल, BCCL के CMD मनोज कुमार अग्रवाल, धनबाद के उपायुक्त आदित्य रंजन, Director (Technical/Operations) संजय कुमार सिंह, Director (Technical-P&P) राजीव कुमार सिन्हा, Director (Finance) राजेश कुमार तथा धनबाद के SSP प्रभात कुमार समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

कर्माटांड़ टाउनशिप में स्कूल का निरीक्षण

तरुण कपूर ने सबसे पहले कर्माटांड़ टाउनशिप में विभिन्न गतिविधियों का निरीक्षण किया। उन्होंने वहां स्थित स्कूल का दौरा कर शैक्षणिक व्यवस्था की जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने पौधरोपण भी किया और विद्यार्थियों से बातचीत की। इसके बाद उन्होंने MSDI-IV का निरीक्षण किया। यहां चल रहे प्रशिक्षण कार्यक्रमों की जानकारी ली और प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे युवाओं से संवाद किया। कौशल विकास के माध्यम से युवाओं को रोजगार और आजीविका से जोड़ने की दिशा में किये जा रहे प्रयासों पर भी चर्चा हुई।

बेलगड़िया में विकास सुविधाओं का उद्घाटन

इसके बाद प्रधानमंत्री के सलाहकार ने बेलगड़िया टाउनशिप का दौरा किया। यहां विभिन्न सामुदायिक एवं विकास सुविधाओं का उद्घाटन किया गया। साथ ही MSDI-II स्थित Skill Development & Production Centre का भी निरीक्षण किया गया। यह केंद्र BCCL, झरिया पुनर्वास एवं विकास प्राधिकरण (JRDA), झारखंड सरकार और Rajdhani Universal Fabrics Pvt. Ltd. के सहयोग से विकसित किया गया है। इसका उद्देश्य स्थानीय लोगों को कौशल प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के साथ रोजगार और आजीविका के अवसर पैदा करना है।

केंद्र के निरीक्षण के दौरान प्रशिक्षण, उत्पादन गतिविधियों और रोजगार की संभावनाओं की जानकारी ली गयी। इस पहल को झरिया मास्टर प्लान के तहत प्रभावित एवं पुनर्वासित आबादी को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।

टाउनशिप के लोगों से भी मिले तरुण कपूर

बेलगड़िया में तरुण कपूर ने टाउनशिप के निवासियों से भी बातचीत की। स्थानीय लोगों ने क्षेत्र की विभिन्न विकास जरूरतों और समस्याओं से उन्हें अवगत कराया। इस दौरान बेलगड़िया के पुराने आवासों के उन्नयन समेत अन्य आधारभूत सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर सुझाव दिये गये। टाउनशिप में रहने वाले लोगों की जरूरतों के अनुरूप सुविधाओं के विकास और मौजूदा परिसंपत्तियों के बेहतर उपयोग पर भी जोर दिया गया।

धनबाद कलेक्ट्रेट में Revised Jharia Master Plan की समीक्षा

दौरे के बाद धनबाद कलेक्ट्रेट कार्यालय में समीक्षा बैठक आयोजित की गयी। बैठक में Revised Jharia Master Plan से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक का मुख्य फोकस झरिया क्षेत्र के पुनर्वास, आधारभूत संरचना, आवश्यक सेवाओं और विकास से जुड़ी योजनाओं की प्रगति पर रहा। संबंधित अधिकारियों ने मास्टर प्लान के तहत किये जा रहे कार्यों और आगे की कार्ययोजना की जानकारी दी।

पूरे कार्यक्रम में झरिया क्षेत्र के समग्र विकास, पुनर्वासित परिवारों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने, आधारभूत संरचना मजबूत करने, कौशल विकास और स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं आजीविका के अवसर बढ़ाने पर विशेष जोर दिखाई दिया।

तरुण कपूर का बेलगड़िया और कर्माटांड़ टाउनशिप दौरा इस लिहाज से भी महत्वपूर्ण रहा कि इसमें झरिया मास्टर प्लान के तहत योजनाओं की जमीनी स्थिति और स्थानीय जरूरतों को सीधे समझने का प्रयास किया गया। समीक्षा के दौरान विकास कार्यों को अधिक प्रभावी बनाने और क्षेत्र के लोगों को बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में समन्वित प्रयास पर जोर दिया गया।