गढ़वा। रंका ब्लॉक के खपरो मिडिल स्कूल में 18 साल बाद स्कूल में प्रार्थना करने का तरीका बदल गया। स्कूल में बुधवार को बच्चों ने हाथ जोड़कर प्रार्थना की। प्रार्थना का तरीका बदलने पर किसी तरह का न तो विवाद हुआ न ही कोई हस्तक्षेप। स्कूल के प्रधानाध्यापक विरेंद्र राम ने यह जानकारी दी।
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उन्होंने बताया कि स्कूल सुबह नौ बजे अपने निर्धारित समय पर खुला। उसके बाद क्लास रूम की सफाई हुई। क्लास रूम की सफाई के बाद हर दिन की तरह प्रार्थना के लिए छात्र असेंबली में एकत्रित हुए। उसके बाद हेडमास्टर ने एसेंबली में बच्चों को हाथ जोड़कर प्रार्थना करने की जानकारी दी। बच्चों से कहा गया कि हर दिन हाथ जोड़कर ही प्रार्थना करें। उसके बाद सभी बच्चों ने बगैर किसी झिझक के हाथ जोड़कर प्रार्थना की। उसी दिन से उक्त स्कूल में हाथ जोड़कर प्रार्थना शुरू हो गया। इसी बीच रंका ब्लॉक के मध्य विद्यालय खपरो में हाथ बांधकर प्रार्थना करने का मामला प्रकाश में आया।
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यह है मामला
हाथ बांध कर प्रार्थना करने का मामला सबसे पहले पिछले दिनों सदर प्रखंड के कोरवाडीह मध्य विद्यालय में आया था। मामला प्रकाश में आने के बाद डीसी रमेश घोलप के निर्देश पर प्रभारी डीएसई मयंक भूषण, बीडीओ कुमुद झा स्कूल पहुंचे। वहां उन्होंने स्कूल प्रबंधन समिति के सदस्यों के अलावा हेडमास्टर और शिक्षकों से पूछताछ की। उसके बाद उन्होंने अपनी उपस्थिति में ही बच्चों के साथ हाथ जोड़कर प्रार्थना की।स्कूल के बच्चों ने सोमवार तक हाथ बांधकर प्रार्थना की थी। मामला प्रकाश में आने के बाद बीपीओ एसके दूबे ने स्कूल प्रबंधन समिति और प्रधानाध्यापक को इस संबंध में निर्देश दिया कि प्रार्थना के समय हर वर्ग के छात्रों को समझाते हुए हाथ जोड़कर प्रार्थना कराना सुनिश्चित किया जाए। उसी आलोक में सभी वर्ग के बच्चे हाथ जोड़कर प्रार्थना में शामिल हुए।
राष्ट्रीय बाल संरक्षण अधिकार आयोग ने लिया संज्ञान
राष्ट्रीय बाल संरक्षण अधिकार आयोग ने गढ़वा उपायुक्त को नोटिस जारी करते हुए जवाब मांगा है। आयोग के अध्यक्ष प्रियंक कानूनगो ने झारखंड के गढ़वा जिले में एक स्कूल में प्रार्थना के नियम व तरीकों को बदलने की घटना पर संज्ञान लेते हुए प्रशासन को जांच कर रिपोर्ट देने को कहा है। रिपोर्ट की डेडलाइन 14 जुलाई तक निर्धारित की गई है। एनसीपीसीआर को शिकायत मिली कि स्कूल के छात्रों पर शरिया और इस्लामिक तरीके थोपने का प्रयास किया जा रहा है। इसके बाद आयोग ने पहल करते हुए जिला प्रशासन से पूरी घटना की विस्तृत जानकारी मांगी है।