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Highlights: 

  • धनबाद नगर निगम में शिड्यूल रेट से 10% कम टेंडर पर काम नहीं देने का प्रस्ताव
  •  नियम लागू करने के लिए राज्य सरकार की मंजूरी जरूरी 
  • हीरापुर मार्केट में करीब 1000 व्यावसायिक दुकानें बनाने की तैयारी 
  • 39 योजनाओं को मंजूरी और 50 योजनाओं को समय विस्तार

धनबाद (Threesocieties.com Desk): धनबाद नगर निगम की बोर्ड बैठक में बुधवार को शहर के विकास, नागरिक सुविधाओं और राजस्व बढ़ाने को लेकर कई बड़े फैसले लिये गये। नगर निगम अब शिड्यूल रेट से 10 प्रतिशत से कम दर पर टेंडर डालकर काम हासिल करने वाले संवेदकों को काम नहीं देगा। इस संबंध में बोर्ड ने प्रस्ताव पारित कर दिया है। हालांकि, इस नियम को लागू करने के लिए राज्य सरकार से अनुमोदन लेना अनिवार्य होगा। सरकार की मंजूरी मिलने के बाद ही यह व्यवस्था प्रभावी हो सकेगी।

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बाबूडीह विवाह भवन में महापौर संजीव सिंह की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में कुल 39 विकास योजनाओं को मंजूरी दी गयी, जबकि 50 योजनाओं को समय विस्तार दिया गया। बैठक में 103 नये पब्लिक शौचालय बनाने, हीरापुर मार्केट का तीन चरणों में पुनर्विकास कर करीब 1000 व्यावसायिक दुकानें विकसित करने, दामोदर रिवरफ्रंट का विकास और इंडोर स्टेडियम निर्माण जैसी महत्वाकांक्षी योजनाओं पर भी सहमति बनी।

बैठक में शहर की सफाई, सड़क, नाली, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, श्मशान घाट, कब्रिस्तान और आगामी छठ महापर्व की तैयारियों पर भी चर्चा हुई। महापौर संजीव सिंह और नगर आयुक्त आशीष गंगवार ने तीन नये मोक्ष वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

शिड्यूल रेट से 10 प्रतिशत कम टेंडर पर लगेगी रोक

नगर निगम बोर्ड की बैठक का सबसे महत्वपूर्ण फैसला टेंडर प्रक्रिया को लेकर रहा। अब शिड्यूल रेट से 10 प्रतिशत से कम दर पर टेंडर डालने वाले संवेदकों को काम नहीं देने का प्रस्ताव पारित किया गया है। नगर निगम का मानना है कि अत्यधिक कम दर पर टेंडर लेने से कई बार विकास योजनाओं की गुणवत्ता और समय पर काम पूरा होने को लेकर समस्याएं सामने आती हैं। ऐसे में टेंडर प्रक्रिया में गुणवत्ता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के उद्देश्य से यह प्रस्ताव लाया गया। हालांकि, बोर्ड के इस फैसले को तत्काल लागू नहीं किया जा सकेगा। इसके लिए राज्य सरकार की स्वीकृति जरूरी होगी। सरकार से अनुमोदन मिलने के बाद ही इस व्यवस्था को लागू किया जाएगा।

हीरापुर मार्केट में बनेंगी 1000 दुकानें, तीन चरणों में होगा पुनर्विकास

धनबाद के व्यावसायिक क्षेत्र हीरापुर मार्केट का स्वरूप बदलने की तैयारी है। नगर निगम बोर्ड ने हीरापुर मार्केट के तीन चरणों में पुनर्विकास और करीब 1000 व्यावसायिक दुकानों के निर्माण के लिए डीपीआर तैयार कराने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। इस परियोजना के पूरा होने पर मार्केट क्षेत्र में व्यवस्थित व्यावसायिक सुविधाएं विकसित करने की योजना है। इससे दुकानदारों को बेहतर जगह मिलने के साथ शहर में बाजार व्यवस्था को भी व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी।

लिलोरी स्थान में बनेगा अंतरराज्यीय बस अड्डा

शहर और आसपास के क्षेत्रों में परिवहन सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए कतरास के लिलोरी स्थान में अंतरराज्यीय बस अड्डे के निर्माण की योजना तैयार की जाएगी। इसके अलावा बरटांड़ बस स्टैंड के उन्नयन का प्रस्ताव भी शामिल है। इन परियोजनाओं के लिए डीपीआर तैयार कर आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

दामोदर रिवरफ्रंट और इंडोर स्टेडियम का होगा विकास

नगर निगम बोर्ड की बैठक में दामोदर रिवरफ्रंट विकास योजना और शहर में इंडोर स्टेडियम निर्माण को भी महत्वपूर्ण परियोजनाओं में शामिल किया गया।शहर के पार्कों और खेल मैदानों का क्लस्टर मॉडल पर विकास, आधुनिक स्मार्ट टाउन हॉल, व्यावसायिक बाजार, विवाह भवन और बहुउद्देशीय भवनों के निर्माण की योजना भी प्रस्तावित है। इन परियोजनाओं को अर्बन चैलेंज फंड के तहत पीपीपी मॉडल पर विकसित करने की तैयारी है। इसके लिए जुडको, रांची को प्रस्ताव भेजने की स्वीकृति मांगी गयी है।

ट्रैफिक व्यवस्था होगी आधुनिक, बनेगा इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर

धनबाद की बिगड़ती ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारने के लिए आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल की योजना है। शहर में ट्रैफिक लाइट, सीसीटीवी कैमरे और ट्रैफिक प्रबंधन प्रणाली विकसित करने का प्रस्ताव पारित किया गया। इसके संचालन और निगरानी के लिए इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर बनाने की योजना है। इससे शहर की यातायात व्यवस्था को बेहतर तरीके से नियंत्रित करने में मदद मिलेगी।

103 नये पब्लिक शौचालय बनाने का प्रस्ताव

शहर में सार्वजनिक शौचालयों की सुविधा बढ़ाने के लिए 103 नये पब्लिक शौचालय बनाने का प्रस्ताव पारित किया गया। इसके लिए सभी वार्ड पार्षदों से सरकारी जमीन की सूची मांगी गयी है। वहीं, निगम क्षेत्र के विभिन्न वार्डों में मौजूद सामुदायिक और मॉड्यूलर शौचालयों की मरम्मत, जीर्णोद्धार और सौंदर्यीकरण पर भी जोर दिया गया। अभियंत्रण शाखा की ओर से 100 शौचालयों के जीर्णोद्धार पर करीब 60 लाख रुपये खर्च करने का प्रस्ताव रखा गया। यह काम सुलभ इंटरनेशनल सोशल सर्विस संस्था के माध्यम से कराया जाना है।

हर वार्ड में 50 अतिरिक्त लाइट लगाने की मंजूरी

शहर की प्रकाश व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए प्रत्येक वार्ड में 50-50 अतिरिक्त लाइट लगाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गयी। इसके अलावा वार्ड 47 में राधा काली मंदिर के समीप कलवर्ट निर्माण तथा वार्ड 18 में सामुदायिक भवन के पास नाली और सड़क सुधार कार्य का प्रस्ताव भी बैठक में रखा गया। वार्ड 55 के जामाडोबा बस्ती और सिंदरी में पीसीसी सड़क एवं नाली निर्माण से जुड़ी योजनाओं में विचलन को स्वीकृति देने का प्रस्ताव भी शामिल रहा।

छठ से पहले घाटों की सफाई और पहुंच पथ होंगे दुरुस्त: संजीव सिंह

आगामी छठ महापर्व को देखते हुए महापौर संजीव सिंह ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि छठ पूजा से पहले सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली जाएं। घाटों की सफाई, पहुंच पथों की मरम्मत और प्रकाश व्यवस्था में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। महापौर ने कहा कि छठ महापर्व आस्था और परंपरा का महत्वपूर्ण पर्व है। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु घाटों पर पहुंचते हैं। ऐसे में नगर निगम की जिम्मेदारी है कि व्रतियों और श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो। उन्होंने कहा कि धनबाद नगर निगम का उद्देश्य शहर के प्रत्येक नागरिक को बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। स्वच्छता, सड़क, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था और जनसुविधाओं को प्राथमिकता दी जा रही है।

तीन चरणों में होगी तालाबों की सफाई: आशीष गंगवार

नगर आयुक्त आशीष गंगवार ने कहा कि छठ महापर्व को ध्यान में रखते हुए सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने बताया कि छठ घाटों की सफाई तीन चरणों में करायी जाएगी। तालाबों की सफाई को लेकर आईआईटी आईएसएम से भी बातचीत की जाएगी। इसके अलावा सड़कों की मरम्मत, प्रकाश व्यवस्था और अन्य जरूरी सुविधाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराया जाएगा।

तीन नये मोक्ष वाहन शुरू, जरूरतमंद परिवारों को मिलेगी सुविधा

नगर निगम को तीन नये मोक्ष वाहन मिले हैं। महापौर संजीव सिंह और नगर आयुक्त आशीष गंगवार ने हरी झंडी दिखाकर इन वाहनों को रवाना किया। इन वाहनों के शुरू होने से जरूरतमंद परिवारों को अंतिम संस्कार के दौरान शव को ले जाने में सुविधा मिलेगी। इसके अलावा श्मशान घाटों और कब्रिस्तानों की सुविधाओं को बेहतर बनाने पर भी बोर्ड ने जोर दिया।

53 संविदा कर्मियों को दो माह का सेवा विस्तार

नगर निगम की स्थापना शाखा की ओर से संविदा और दैनिक वेतन पर कार्यरत कर्मचारियों के सेवा विस्तार का प्रस्ताव रखा गया। बैठक में 53 संविदा कर्मियों को दो माह का एक्सटेंशन दिया गया। इसमें लेखापाल, लेखा सहायक, सहायक, कंप्यूटर ऑपरेटर, स्वच्छता पर्यवेक्षक, स्वच्छता मित्र और कनीय अभियंता समेत विभिन्न पदों पर कार्यरत कर्मी शामिल हैं। सेनेटरी एवं फूड इंस्पेक्टर के मासिक मानदेय को 20 हजार रुपये से बढ़ाकर 25 हजार रुपये करने का प्रस्ताव रखा गया, लेकिन इसे मंजूरी नहीं मिली। इस मामले में राज्य सरकार से मार्गदर्शन लेने की बात कही गयी।

दैनिक वेतन पर अमीन की होगी नियुक्ति

नगर निगम के भूमि संबंधी कार्यों, मापी और सीमांकन के लिए दैनिक वेतन पर एक अमीन की नियुक्ति का प्रस्ताव रखा गया। वहीं, मोहलबनी श्मशान घाट की नियमित सफाई के लिए तीन सफाई मजदूरों की नियुक्ति का भी प्रस्ताव शामिल रहा। जलापूर्ति शाखा की ओर से निगम क्षेत्र के तालाबों के पांच वर्षों के लिए नवीनीकरण का प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया।

टोल टैक्स की राशि विकास कार्यों पर होगी खर्च

बैठक में टोल टैक्स की वसूली से प्राप्त राशि को शहर के विकास कार्यों पर खर्च करने का निर्णय लिया गया। निगम ने राजस्व बढ़ाने के साथ इस राशि का उपयोग नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाने में करने पर जोर दिया। प्लंबर रजिस्ट्रेशन की अवधि एक वर्ष निर्धारित करने का प्रस्ताव भी बैठक में रखा गया।

विकास योजनाओं के चयन पर पार्षदों ने उठाये सवाल

बैठक में विकास योजनाओं के चयन को लेकर पार्षदों ने नाराजगी जतायी। उनका कहना था कि प्रत्येक वार्ड से पांच-पांच योजनाएं दी गयी थीं, लेकिन उनमें से केवल एक योजना को ही शामिल किया गया। पार्षदों ने कहा कि आम लोगों की ओर से सीधे नगर निगम में आवेदन देने पर योजनाएं पारित हो जाती हैं, जबकि पार्षदों की ओर से दी गयी योजनाओं को अपेक्षित प्राथमिकता नहीं मिल रही है। इससे उन्हें अपने क्षेत्र की जनता की नाराजगी झेलनी पड़ती है।

इस पर महापौर संजीव सिंह ने कहा कि जनता की जरूरतों को ध्यान में रखकर कुछ जरूरी योजनाएं भी शामिल की गयी हैं। पार्षदों के साथ-साथ जनता ने भी उन्हें चुनकर भेजा है। जनता की समस्याएं सुनना और उनका समाधान करना उनका कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि पार्षदों की योजनाएं भी शामिल की गयी हैं, इसलिए इनका विरोध नहीं होना चाहिए।

पानी कनेक्शन में गड़बड़ी पर एफआईआर का निर्देश

बैठक में पार्षद राममूर्ति सिंह ने पानी कनेक्शन में गड़बड़ी का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि कई लोगों ने पानी कनेक्शन के लिए होल्डिंग नंबर लिया, लेकिन उन्हें कनेक्शन नहीं मिला। वहीं, कुछ लोगों को कथित तौर पर पैसे देकर गलत तरीके से कनेक्शन उपलब्ध कराया गया। इस पर महापौर ने मामले की जांच कराने और दोषी पाये जाने वालों के खिलाफ नगर निगम की ओर से एफआईआर दर्ज कराने का निर्देश दिया।

जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र के लंबित मामले एक सप्ताह में होंगे दुरुस्त

पार्षद अशोक पाल ने जन्म और मृत्यु प्रमाणपत्र से जुड़े मामलों के महीनों तक लंबित रहने का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि प्रमाणपत्र बनवाने के लिए आम लोगों को लगातार परेशान होना पड़ रहा है। इस पर महापौर ने अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर सिस्टम दुरुस्त करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर अधिकारियों और कर्मचारियों के टेबल भी बदले जाएं, ताकि लंबित मामलों का जल्द निष्पादन हो सके।

नगर निगम बोर्ड बैठक के  प्रमुख फैसले

टेंडर नियम: शिड्यूल रेट से 10 प्रतिशत कम दर पर टेंडर डालने वाले संवेदकों को काम नहीं देने का प्रस्ताव। राज्य सरकार की मंजूरी जरूरी।

103 पब्लिक शौचालय: नये सार्वजनिक शौचालयों के निर्माण का प्रस्ताव पारित।

हीरापुर मार्केट: तीन चरणों में पुनर्विकास और करीब 1000 दुकानों का निर्माण।

39 योजनाएं: 39 विकास योजनाओं को मंजूरी।

50 योजनाएं: 50 योजनाओं को समय विस्तार।

तीन मोक्ष वाहन: जरूरतमंद परिवारों के लिए तीन नये शव वाहन शुरू।

संविदा कर्मी: 53 कर्मियों को दो माह का सेवा विस्तार।

शौचालय जीर्णोद्धार: 100 शौचालयों पर 60 लाख रुपये खर्च करने का प्रस्ताव।

स्ट्रीट लाइट: प्रत्येक वार्ड में 50 अतिरिक्त लाइट लगाने की मंजूरी।

अमीन नियुक्ति: दैनिक वेतन पर अमीन की नियुक्ति का प्रस्ताव।

छठ तैयारी: तीन चरणों में घाटों की सफाई और पहुंच पथ दुरुस्त करने का निर्देश।

दामोदर रिवरफ्रंट: विकास योजना की डीपीआर तैयार होगी।

इंडोर स्टेडियम: निर्माण की योजना को मंजूरी।

टोल टैक्स: वसूली की राशि शहर के विकास कार्यों पर खर्च होगी।

जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र: लंबित मामलों को एक सप्ताह में दुरुस्त करने का निर्देश।

बैठक का संचालन मुख्य अभियंता अनूप सामंता ने किया। मौके पर नगर आयुक्त आशीष गंगवार, अपर नगर आयुक्त, पार्षद अशोक पाल, मनोरंजन कुमार, प्रियरंजन, मो. निसार आलम, देवाशीष पासवान, जय कुमार, विकास रंजन, राममूर्ति सिंह, बदरी रविदास, मो. इम्तियाज अंसारी, उर्मिला मंडल सहित 53 पार्षद उपस्थित थे।