धनबाद: निरसा में बुजुर्ग महिला से मारपीट पर हंगामा, CISF-ECL टीम को बनाया बंधक

धनबाद के निरसा चापापुर OCP में बुजुर्ग महिला से कथित मारपीट के बाद ग्रामीण भड़क गए। CISF-ECL टीम के वाहनों में तोड़फोड़ और कर्मियों को बंधक बनाने का आरोप।

धनबाद: निरसा में बुजुर्ग महिला से मारपीट पर हंगामा, CISF-ECL टीम को बनाया बंधक
बुजुर्ग महिला से कथित मारपीट पर भड़के ग्रामीण।

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    HighLights:

  • निरसा के चापापुर OCP में कोयला चोरी के खिलाफ छापेमारी के दौरान विवाद
  • 70 वर्षीय महिला से कथित मारपीट के आरोप पर भड़के ग्रामीण
  • CISF और ECL सिक्योरिटी टीम के तीन वाहनों में तोड़फोड़ का आरोप
  • ग्रामीणों ने जवानों और सुरक्षा कर्मियों को घेरकर बंधक बनाया

धनबाद (Threesocieties.com Desk): निरसा के चापापुर ओपन कास्ट प्रोजेक्ट (OCP) में कोयला चोरी के खिलाफ चल रही कार्रवाई के दौरान रविवार को उस समय स्थिति तनावपूर्ण हो गई, जब एक 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला के साथ कथित मारपीट की खबर गांव में पहुंची। महिला के साथ सुरक्षाकर्मियों द्वारा मारपीट किए जाने के आरोप से ग्रामीण आक्रोशित हो उठे और बड़ी संख्या में चापापुर OCP पहुंच गए।

देखते ही देखते ग्रामीणों और सुरक्षा टीम के बीच विवाद बढ़ गया। आरोप है कि गुस्साए ग्रामीणों ने CISF की QRT और ECL सिक्योरिटी टीम के तीन वाहनों में तोड़फोड़ कर उन्हें क्षतिग्रस्त कर दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने सुरक्षा कर्मियों को घेर लिया और उन्हें बंधक बना लिया। घटना के दौरान मारपीट में ECL सिक्योरिटी टीम के सदस्य काजल कुमार गोराई, CISF वाहन चालक समेत कई लोगों के घायल होने की सूचना है। समाचार लिखे जाने तक सुरक्षा टीम के कुछ सदस्यों के ग्रामीणों के कब्जे में होने की बात सामने आ रही थी।

कोयला चोरी की सूचना पर पहुंची थी CISF-ECL टीम

जानकारी के अनुसार चापापुर OCP में कोयला चोरी की सूचना मिलने के बाद CISF की क्विक रिस्पांस टीम (QRT) और ECL की सिक्योरिटी टीम छापेमारी करने पहुंची थी। टीम को देखते ही कथित रूप से कोयला चोरी में शामिल लोग मौके से भागने लगे।इसी दौरान रामकनाली आदिवासी टोला निवासी विमोली हेंब्रम जंगल से लकड़ी चुनने के लिए जा रही थीं।

ग्रामीणों का आरोप है कि सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें भी कोयला चोरी की गतिविधि में शामिल समझ लिया और उनके साथ मारपीट की। बताया जाता है कि बुजुर्ग महिला को कम सुनाई देता है। सुरक्षाकर्मियों द्वारा पूछताछ किए जाने के दौरान वह ठीक से जवाब नहीं दे सकीं। इसी बात को लेकर कथित तौर पर उनके साथ मारपीट की गई।

गांव में खबर पहुंचते ही जुटे ग्रामीण

बुजुर्ग महिला के साथ कथित मारपीट की जानकारी जैसे ही गांव में पहुंची, बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने सुरक्षाकर्मियों से घटना को लेकर जवाब मांगना शुरू किया। कुछ ही देर में बहस विवाद में बदल गई और स्थिति तनावपूर्ण हो गई।आक्रोशित ग्रामीणों ने सुरक्षा टीम के वाहनों को निशाना बनाया। आरोप है कि तीन वाहनों में जमकर तोड़फोड़ की गई। इसके बाद CISF और ECL के सुरक्षा कर्मियों को घेर लिया गया और उन्हें मौके पर ही बंधक बना लिया गया। घटना के दौरान दोनों पक्षों में धक्का-मुक्की और मारपीट की स्थिति उत्पन्न होने की भी सूचना है।

निर्दोष ग्रामीणों के साथ कार्रवाई का आरोप

ग्रामीणों का कहना है कि कोयला चोरी रोकने के नाम पर निर्दोष ग्रामीणों के साथ मारपीट की जा रही है। उनका आरोप है कि जंगल से लकड़ी चुनने गई बुजुर्ग महिला को बिना पूरी जानकारी के कोयला चोरी में शामिल समझ लिया गया। ग्रामीणों ने मांग की है कि बुजुर्ग महिला के साथ कथित मारपीट करने वाले सुरक्षाकर्मियों की पहचान की जाए और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कोई व्यक्ति कोयला चोरी में शामिल है तो उसके खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन निर्दोष ग्रामीणों के साथ मारपीट किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी।

पुलिस ने संभाली स्थिति

घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। पुलिस पूरे मामले की जानकारी जुटा रही है। फिलहाल विवाद की शुरुआत किन परिस्थितियों में हुई और वाहनों में तोड़फोड़ किसने की, इसकी जांच की जा रही है।पुलिस जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि बुजुर्ग महिला के साथ वास्तव में क्या हुआ और उसके साथ कथित मारपीट में कौन-कौन लोग शामिल थे। वहीं, चापापुर OCP में हुई इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है। कोयला चोरी के खिलाफ सुरक्षा टीम की कार्रवाई और ग्रामीणों के आक्रोश के बीच उपजे इस विवाद ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।