Dhanbad: FCIL की जमीन पर रहे लोगों को पुनर्वास के लिए मिलेगी सहायता राशि, आरएंडआर कमेटी की बैठक में कई फैसले

धनबाद में FCIL की भूमि पर बसे परिवारों के पुनर्वास के लिए R&R कमेटी ने बड़ा फैसला लिया। 901 परिवारों को ₹1 लाख और घर बनाकर रह रहे परिवारों को ₹4 लाख की सहायता मिलेगी।

Dhanbad: FCIL की जमीन पर रहे लोगों को पुनर्वास के लिए मिलेगी सहायता राशि, आरएंडआर कमेटी की बैठक में कई फैसले
अर्जित भूमि के रैयतों को मिलेगा मुआवजा।

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  • क्वार्टरों का अतिक्रमण कर रह रहे 901 परिवारों को एक लाख और घर बनाकर रह रहे परिवारों को मिलेगी चार लाख रुपये 
  • एफसीआइएल की भूमि के लीज हस्तांतरण से 1500 परिवार प्रभावित होंगे

धनबाद। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) की टासरा प्रोजेक्ट हेतु आर एंड आर समिति की बैठक समाहरणालय सभागार में आयोजित हुई। डीसी आदित्य रंजन की अध्यक्षता में हुई बैठकमें भूमि हस्तांतरण से प्रभावित परिवारों व व्यवसायिक सरंचनाओं के पुनर्वास व पुनर्व्यवस्थापन पर विस्तृत चर्चा हुई। 
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बैठक में प्रभावित परिवारों को सहायता राशि, घर का मूल्यांकन, पुनर्वासन भत्ता तथा व्यवसायिक सरंचनाओं हेतु विकल्प स्वरूप दुकान या मुआवजा उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया। ठक में प्रभारी महाप्रबंधक, टासरा प्रोजेक्ट शिवराम बनर्जी ने पावर पॉइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से जानकारी दी कि उर्वरक एवं रसायन मंत्रालय द्वारा एफसीआइएल की 304 एकड़ भूमि को दीर्घकालीन लीज पर सेल को टासरा प्रोजेक्ट के लिए स्वीकृति दी है। इस भूमि पर कुल 1500 परिवार रह रहे हैं। इनमें से 901 परिवार एफसीआइएल के क्वार्टर में अतिक्रमण कर रह रहे हैं। वहीं 460 परिवारों ने अपना मकान बना लिया है। वहीं 78 परिवार लीज पर रह रहे हैं। 96 व्यावसायिक संरचनाएं है।
पुनर्वास के लिए वित्तीय सहायता
स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) की टासरा परियोजना से प्रभावित परिवारों के पुनर्वास एवं पुनर्व्यवस्थापन को लेकर गठित आर एंड आर (पुनर्वास एवं पुनर्व्यवस्थापन) समिति की बैठक में यहां के लोगों को पुनर्वास के लिए वित्तीय सहायता देने का निर्णय लिया गया। क्वार्टरों का अतिक्रमण कर रह रहे 901 परिवारों को सेल की ओर से एक लाख रुपये एकमुश्त सहायता राशि दी जायेगी। वहीं मकान बनाकर रह रहे 460 परिवारों को मकान के मूल्यांकन के साथ चार लाख की सहायता राशि दी जायेगी। इसमें पुनर्वासन भत्ता भी शामिल होगा।
लीज पर रह रहे 78 परिवारों को एफसीआइएल के दूसरे क्वार्टर लीज पर दिये जायेंगे। एक लाख रुपये सहायता राशि भी दी जायेगी। वहीं 96 व्यवसायिक संरचनाएं, यदि स्वयं की हैं तो उन्हें मूल्यांकन राशि और एक लाख रुपया की सहायता के साथ नगर निगम द्वारा दुकान दी जायेगी। दुकान नहीं लेने पर 2.5 लाख रुपये एकमुश्त दिये जायेंगे। बैठक में बताया गया कि आसनबनी की 41.11 एकड़ भूमि से जुड़े 379 रैयतों में से 38 ने अब तक दावा नहीं किया है। इन इच्छारहित रैयतों की राशि एलए कोर्ट, हजारीबाग भेजी जायेगी।
बैठक में एमपी ढुलू महतो, सिंदरी एमएलए चंद्रदेव महतो, नगर आयुक्त रवि राज शर्मा, अपर समाहर्ता विनोद कुमार, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी राम नारायण खालको, प्रभारी महाप्रबंधक, टासरा, सेल शिवराम बनर्जी, वी.के. चौधरी, देवदास अधिकारी, एफसीआईएल के प्रतिनिधि, सुरेश प्रसाद चौधरी, मुन्ना तिर्की, एनजीओ प्रयास इंडिया के प्रतिनिधि मौजूद थे।