कोल इंडिया के पैनल में 20 नए अस्पताल शामिल, धनबाद के एसजेएएस में कैंसर इलाज का विकल्प भी बढ़ा
कोल इंडिया ने 20 नए अस्पताल पैनल में शामिल किए हैं। धनबाद के एसजेएएस अस्पताल समेत 552 अस्पतालों के नेटवर्क से कैंसर और गंभीर बीमारियों के इलाज का विकल्प बढ़ा।
HighLights:
- कोल इंडिया ने पैनलबद्ध अस्पतालों की सूची में 20 नए अस्पताल और चिकित्सा संस्थान जोड़े
- धनबाद का एसजेएएस सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल भी नई सूची में शामिल
- कैंसर, हृदय, न्यूरोसर्जरी, गैस्ट्रो, किडनी समेत गंभीर बीमारियों के इलाज के विकल्प बढ़े
- कोल इंडिया के पैनल में शामिल अस्पतालों की कुल संख्या बढ़कर 552 हुई
धनबाद (Threesocieties.com Desk): कोल इंडिया लिमिटेड (CIL) ने अपने कर्मचारियों, आश्रितों, सेवानिवृत्त कर्मियों और अधिकारियों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं का दायरा बढ़ाते हुए पैनलबद्ध अस्पतालों की सूची में 20 नए अस्पतालों और चिकित्सा संस्थानों को शामिल किया है। नई सूची में धनबाद का एसजेएएस सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल भी शामिल है। इससे कोयलांचल क्षेत्र में रहने वाले कोल इंडिया और उसकी अनुषंगी कंपनियों के कर्मचारियों तथा उनके परिवारों को गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए एक और महत्वपूर्ण विकल्प मिल गया है।
11 अगस्त को अपडेट की गई सूची के बाद कोल इंडिया के पैनल में शामिल अस्पतालों और चिकित्सा संस्थानों की कुल संख्या 552 हो गई है। नई पैनलबद्धता का सबसे बड़ा फायदा यह है कि पात्र कर्मचारियों, उनके आश्रितों, सेवानिवृत्त अधिकारियों, गैर-कार्यकारी कर्मचारियों और उनके जीवनसाथियों को निर्धारित नियमों के तहत इन अस्पतालों में उपचार की सुविधा मिल सकेगी।
धनबाद के एसजेएएस अस्पताल में कैंसर समेत कई गंभीर बीमारियों का इलाज
नई सूची में धनबाद के एसजेएएस सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल को शामिल किया गया है। यह अस्पताल विभिन्न गंभीर और जटिल बीमारियों के उपचार की सुविधाओं के लिए जाना जाता है। यहां हृदय रोग, सामान्य चिकित्सा एवं सर्जरी, गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, न्यूरोसर्जरी, नेत्र रोग, हड्डी रोग, ईएनटी, बाल रोग, कैंसर और यूरोलॉजी जैसी प्रमुख चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध हैं। इसके अलावा अस्पताल में सीटी स्कैन, एमआरआई, ईईजी, पैथोलॉजी लैब और फिजियोथेरेपी जैसी जांच और उपचार संबंधी सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। ऐसे में कोल इंडिया के पैनल में एसजेएएस के शामिल होने से धनबाद और आसपास के क्षेत्रों के लाभार्थियों को गंभीर बीमारी की स्थिति में स्थानीय स्तर पर इलाज का विकल्प मिल सकेगा।
विशेष रूप से कैंसर मरीजों के लिए यह पैनलबद्धता महत्वपूर्ण मानी जा रही है। गंभीर बीमारी के इलाज के लिए दूसरे शहरों की ओर जाने की जरूरत कई मामलों में कम हो सकती है और मरीजों को पैनल में शामिल स्थानीय सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल में उपचार का विकल्प मिलेगा।
बर्धमान और कोलकाता के अस्पताल भी नई सूची में
नई पैनलबद्ध सूची में पश्चिम बंगाल के बर्धमान और कोलकाता के अस्पतालों को भी जगह मिली है। बर्धमान के शरण्या अस्पताल में हृदय रोग, न्यूरोलॉजी, नेफ्रोलॉजी, कैंसर, यूरोलॉजी, स्त्री रोग, नेत्र रोग, फेफड़ों से संबंधित बीमारियों, हड्डी रोग, बाल रोग और सामान्य सर्जरी जैसी चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध हैं।
वहीं कोलकाता के सरदा मल्टीस्पेशियलिटी अस्पताल में हृदय रोग, किडनी रोग और डायलिसिस, न्यूरोसर्जरी, स्त्री एवं प्रसूति रोग, हड्डी रोग, जोड़ प्रत्यारोपण, ईएनटी और बाल रोग जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। अस्पताल में एमआरआई, सीटी स्कैन और प्रयोगशाला जैसी जांच सुविधाएं भी हैं।
रायपुर में सबसे ज्यादा पांच अस्पताल शामिल
नई सूची में रायपुर के पांच चिकित्सा संस्थानों को शामिल किया गया है। इनमें आईएलएस अस्पताल, डॉ. आरएल अस्पताल, आईटीएसए अस्पताल, स्पाइन एंड स्किन सेंटर और एमएमआर अस्पताल शामिल हैं। इन संस्थानों में हृदय रोग, न्यूरोसर्जरी, गैस्ट्रोएंटरोलॉजी, किडनी रोग, डायलिसिस, प्रत्यारोपण, हड्डी रोग और आपातकालीन चिकित्सा जैसी सुविधाओं का लाभ लिया जा सकता है।
वाराणसी के चार अस्पताल भी पैनल में
वाराणसी में सुधा सर्जिकल अस्पताल, हेरिटेज इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज, वर्धन अस्पताल और काशी नेत्रालय को नई सूची में शामिल किया गया है। इससे कोल इंडिया से जुड़े लाभार्थियों के लिए पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाओं के विकल्प बढ़े हैं।
कई शहरों के कर्मचारियों को मिलेगा फायदा
नई पैनलबद्धता का लाभ केवल धनबाद तक सीमित नहीं है। 11 अगस्त को अपडेट की गई सूची में बेंगलुरु, भुवनेश्वर, बर्धमान, धनबाद, फरीदाबाद, कोलकाता, नागपुर, नई दिल्ली, रायपुर, सूरजपुर, अंबिकापुर और वाराणसी के चिकित्सा संस्थान शामिल किए गए हैं। कोल इंडिया और उसकी विभिन्न अनुषंगी कंपनियों के कर्मचारियों एवं पेंशनरों की देश के अलग-अलग हिस्सों में मौजूदगी को देखते हुए नए अस्पतालों के जुड़ने से उपचार के विकल्पों में विस्तार होगा।
रांची और झारखंड के लाभार्थियों को भी राहत
कोल इंडिया के रांची मुख्यालय तथा झारखंड के विभिन्न कोयला क्षेत्रों से जुड़े कर्मचारी, पेंशनर और उनके आश्रित भी इस विस्तारित पैनल का लाभ उठा सकेंगे। गंभीर बीमारी या विशेषज्ञ उपचार की जरूरत पड़ने पर उन्हें धनबाद समेत अन्य शहरों में पैनल में शामिल अस्पतालों में इलाज कराने का विकल्प मिलेगा।
कुल मिलाकर, 20 नए अस्पतालों को पैनल में शामिल किए जाने से कोल इंडिया की स्वास्थ्य सेवाओं का नेटवर्क और मजबूत हुआ है। खासकर कैंसर, हृदय रोग, न्यूरोसर्जरी, किडनी और अन्य गंभीर बीमारियों से जूझ रहे कर्मचारियों और उनके परिवारों के लिए यह विस्तार राहत देने वाला कदम है।
Anjala Kumar 



