धनबाद में अवैध कोयला परिवहन पर बड़ा एक्शन, BCCL गोविंदपुर एरिया GM समेत 3 अफसरों को पुलिस नोटिस

धनबाद में अवैध कोयला परिवहन मामले में BCCL गोविंदपुर एरिया-3 के GM समेत 3 अधिकारियों को पुलिस नोटिस दिया गया है। छापेमारी में 11 वाहन जब्त हुए थे।

धनबाद में अवैध कोयला परिवहन पर बड़ा एक्शन, BCCL गोविंदपुर एरिया GM समेत 3 अफसरों को पुलिस नोटिस
अवैध कोयला परिवहन पर पुलिस का बड़ा एक्शन।

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    HighLights:

  • 16 जुलाई को जिला खनन और परिवहन विभाग की टीम ने साइडिंग पर की थी छापेमारी
  • जांच में 11 कोयला लदे वाहनों के दस्तावेजों में अनियमितता मिलने पर सभी वाहन जब्त
  • चालान की वैधता खत्म होने के बाद भी कोयला परिवहन किए जाने की आशंका
  • एक ही चालान के दोबारा इस्तेमाल की आशंका की पुलिस कर रही जांच

धनबाद (Threesocieties.com Desk): धनबाद में अवैध कोयला परिवहन के मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। 16 जुलाई को जिला खनन विभाग और परिवहन विभाग की संयुक्त टीम की छापेमारी के बाद अब पुलिस ने BCCL गोविंदपुर एरिया-3 के महाप्रबंधक (GM) समेत तीन अधिकारियों को नोटिस जारी किया है। पुलिस ने शुरुआती जांच में अधिकारियों की भूमिका को लेकर जवाब मांगा है।

मामला धर्माबांध ओपी क्षेत्र स्थित BCCL गोविंदपुर एरिया-3 की साइडिंग से जुड़ा है, जहां संयुक्त जांच अभियान के दौरान कोयला लदे 11 वाहनों में परिवहन से संबंधित गंभीर अनियमितताएं सामने आई थीं। सभी 11 वाहनों को जब्त कर पुलिस को सौंप दिया गया था। मामले में धर्माबांध ओपी में कांड संख्या 33/26 दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा है।

16 जुलाई को साइडिंग में हुई थी छापेमारी

जानकारी के अनुसार, 16 जुलाई को जिला खनन विभाग और परिवहन विभाग की संयुक्त टीम ने धर्माबांध ओपी क्षेत्र में स्थित BCCL गोविंदपुर एरिया-3 की साइडिंग पर विशेष जांच अभियान चलाया था। टीम ने साइडिंग से गुजर रहे कोयला लदे वाहनों के कागजात और परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की जांच की।जांच के दौरान 11 वाहनों के दस्तावेजों में अनियमितता पाई गई। अधिकारियों के अनुसार, इन वाहनों के पास मौजूद कोयला परिवहन चालान में भी समस्या सामने आई। कई वाहनों के चालक जांच टीम के समक्ष आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके।

चालान की वैधता खत्म होने के बाद भी परिवहन का आरोप

जांच में सबसे अहम बिंदु कोयला परिवहन चालान की वैधता को लेकर सामने आया है। अधिकारियों के मुताबिक, कुछ वाहनों से संबंधित चालान की वैधता समाप्त हो चुकी थी, इसके बावजूद कोयला परिवहन किया जा रहा था। इससे जांच एजेंसियों को आशंका है कि एक ही चालान का दोबारा इस्तेमाल कर कोयला परिवहन किया गया हो सकता है। हालांकि, इस संबंध में अंतिम स्थिति पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।

BCCL चेकपोस्ट की कार्यप्रणाली पर भी उठे सवाल

मामले में सबसे गंभीर सवाल यह है कि यदि वाहनों के चालान की वैधता समाप्त हो चुकी थी, तो वे BCCL के चेकपोस्ट से होकर बाहर कैसे निकल गए। जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वाहनों की चेकिंग किस स्तर पर हुई थी और चेकपोस्ट से उन्हें बाहर जाने की अनुमति किस प्रक्रिया के तहत मिली। यही वजह है कि पुलिस ने अब BCCL के गोविंदपुर एरिया-3 के GM समेत तीन अधिकारियों को नोटिस जारी किया है। अधिकारियों से मामले से जुड़े तथ्यों और उनकी जानकारी के संबंध में जवाब मांगा गया है।

11 वाहन जब्त, थाने में दर्ज हुई प्राथमिकी

छापेमारी के दौरान अनियमितता मिलने के बाद जिला खनन पदाधिकारी की ओर से सभी 11 वाहनों को जब्त कर लिया गया। इसके बाद धर्माबांध ओपी में लिखित शिकायत दी गई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने कांड संख्या 33/26 दर्ज कर मामले की जांच शुरू की। अब पुलिस दस्तावेजों की जांच के साथ-साथ यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि अवैध परिवहन की पूरी प्रक्रिया में किन-किन लोगों की भूमिका थी।

जांच में सामने आ सकती है अधिकारियों और अन्य लोगों की भूमिका

पुलिस की शुरुआती जांच में BCCL के अधिकारियों की भूमिका से जुड़े सवाल सामने आने के बाद तीन अधिकारियों को नोटिस दिया गया है। पुलिस उनसे पूछताछ और दस्तावेजों के आधार पर मामले की कड़ियां जोड़ने की तैयारी में है। जांच का फोकस इस बात पर भी है कि कथित रूप से अनियमित चालान वाले वाहन चेकपोस्ट से कैसे निकलते रहे और इस पूरी प्रक्रिया में किसी स्तर पर लापरवाही या मिलीभगत हुई थी या नहीं। हालांकि, अभी किसी अधिकारी की संलिप्तता को अंतिम रूप से साबित नहीं माना जा सकता है। पुलिस जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया के बाद ही मामले की वास्तविक तस्वीर स्पष्ट होगी।

पुलिस जांच पर टिकी नजर

धनबाद में अवैध कोयला कारोबार और परिवहन लंबे समय से प्रशासन और पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ है। ऐसे में BCCL की साइडिंग से जुड़े इस मामले में GM समेत तीन अधिकारियों को नोटिस जारी होना महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब पुलिस की जांच में यह सामने आना बाकी है कि 11 वाहनों के दस्तावेजों में अनियमितता कैसे हुई, चालान का इस्तेमाल किस तरह किया गया और BCCL चेकपोस्ट से वाहनों को बाहर निकलने की प्रक्रिया में किस स्तर पर चूक हुई।पुलिस का कहना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ मामले में और भी महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं।