धनबाद पुलिस में होगा बड़ा फेरबदल ! 5-6 SI थानेदार बदलेंगे, 2 इंस्पेक्टर भी जद में
धनबाद पुलिस में बड़े ट्रांसफर-पोस्टिंग की चर्चा तेज है। आधा दर्जन से अधिक SI थानेदार और दो इंस्पेक्टर जद में बताए जा रहे हैं। जानें किन अनुमंडलों के थानों में बदलाव की संभावना है।
HighLights:
- धनबाद जिला पुलिस में बड़े प्रशासनिक फेरबदल की चर्चा तेज
- आधा दर्जन से अधिक SI रैंक के थानेदारों के बदलने की संभावना
- दो पुलिस इंस्पेक्टर भी संभावित ट्रांसफर-पोस्टिंग की जद में
- सिंदरी, धनबाद, बाघमारा और निरसा अनुमंडल के कई थानों में बदलाव के संकेत
- शहर के दो JSI को मिल सकती है थानेदारी की कमान
धनबाद (Threesocieties.com Desk): धनबाद जिला पुलिस में एक बार फिर बड़े प्रशासनिक फेरबदल की सुगबुगाहट तेज हो गई है। जिले के कई थाना और ओपी प्रभारियों का कार्यकाल करीब दो वर्ष के आसपास पहुंचने के बाद संभावित ट्रांसफर-पोस्टिंग को लेकर पुलिस महकमे में चर्चाएं तेज हैं। विभागीय सूत्रों के मुताबिक इस बार कई थानों के प्रभारी बदले जा सकते हैं। इनमें सब इंस्पेक्टर रैंक के आधा दर्जन से अधिक अधिकारी और करीब दो पुलिस इंस्पेक्टर शामिल होने की चर्चा है।
संभावित बदलाव का असर धनबाद शहर के अलावा सिंदरी, बाघमारा और निरसा पुलिस अनुमंडल के कई थाना एवं ओपी क्षेत्रों पर पड़ सकता है। तिसरा थाना में फिलहाल थानेदार नहीं है। ऐसे में वहां भी नए प्रभारी की पोस्टिंग संभावित फेरबदल का हिस्सा हो सकती है।
कई अनुमंडलों के थानेदारों पर नजर
विभागीय सूत्रों के अनुसार सिंदरी अनुमंडल के दो-तीन थाना/ओपी, धनबाद (लॉ एंड ऑर्डर) अनुमंडल के करीब तीन थाना, बाघमारा अनुमंडल के दो-तीन थाना तथा निरसा पुलिस अनुमंडल के एक ओपी प्रभारी के बदले जाने की चर्चा है। हालांकि अभी तक किसी अधिकारी के ट्रांसफर या नई पोस्टिंग को लेकर आधिकारिक आदेश जारी नहीं हुआ है। इसलिए संभावित सूची में शामिल किसी भी अधिकारी के नाम और नई पोस्टिंग की पुष्टि फिलहाल नहीं की जा सकती।
आधा दर्जन SI और दो इंस्पेक्टर हो सकते हैं जद में
सूत्रों की मानें तो इस संभावित फेरबदल में आधा दर्जन से अधिक पुलिस सब इंस्पेक्टर शामिल हो सकते हैं। इनमें अधिकांश थाना प्रभारी कोलियरी क्षेत्रों में तैनात बताए जा रहे हैं। चर्चा यह भी है कि कुछ ऐसे थानेदार भी बदलाव की जद में हैं, जिनकी पोस्टिंग पूर्व एसएसपी के कार्यकाल में हुई थी। इसके अलावा करीब दो पुलिस इंस्पेक्टरों के भी इधर से उधर किए जाने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि अंतिम निर्णय एसएसपी स्तर से आदेश जारी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।
शहर के दो JSI को मिल सकती है थानेदारी
धनबाद शहर के विभिन्न थानों में बतौर जेएसआई काम कर रहे दो सब इंस्पेक्टरों को इस फेरबदल में थानेदारी की जिम्मेदारी मिलने की चर्चा है। यदि ऐसा होता है तो लंबे समय से फील्ड में काम कर रहे इन अधिकारियों को थाना प्रभारी के रूप में अपनी क्षमता दिखाने का मौका मिल सकता है। पुलिस महकमे में यह भी चर्चा है कि कुछ अनुभवी अधिकारियों को महत्वपूर्ण थाना क्षेत्रों में जिम्मेदारी दी जा सकती है, जबकि कमजोर प्रदर्शन वाले अधिकारियों को महत्वपूर्ण पदों से हटाया जा सकता है।
शहर और GT रोड के बीच भी हो सकता है बदलाव
संभावित फेरबदल में धनबाद शहर और GT रोड के थाना क्षेत्रों के बीच भी अधिकारियों की अदला-बदली की चर्चा है। एक शहर थाना के प्रभारी को GT रोड क्षेत्र में भेजे जाने और GT रोड क्षेत्र से किसी थानेदार को शहर में लाए जाने के कयास लगाए जा रहे हैं।विभागीय चर्चा में एक ऐसे थानेदार का नाम भी सामने आ रहा है, जिनका कई मामलों में प्रदर्शन बेहतर बताया जा रहा है। हालांकि आधिकारिक आदेश जारी होने तक किसी भी नाम या पोस्टिंग को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है।
परफॉर्मेंस रिपोर्ट बनेगी पोस्टिंग का आधार?
इस संभावित फेरबदल में सबसे महत्वपूर्ण चर्चा पुलिस अधिकारियों की परफॉर्मेंस रिपोर्ट को लेकर है। अपराध नियंत्रण, लंबित कांडों का निष्पादन, वारंट-कुर्की की कार्रवाई, कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आम लोगों की शिकायतों पर कार्रवाई जैसे बिंदुओं को पोस्टिंग के आधार में शामिल किए जाने की चर्चा है। जिन थाना क्षेत्रों में अपराध नियंत्रण को लेकर अपेक्षित परिणाम नहीं मिले हैं या लंबित मामलों के निष्पादन में तेजी नहीं आई है, वहां नेतृत्व परिवर्तन किया जा सकता है। वहीं बेहतर प्रदर्शन करने वाले अधिकारियों को संवेदनशील और महत्वपूर्ण थाना क्षेत्रों की जिम्मेदारी दिए जाने की संभावना है।
‘नो परफॉर्मेंस, नो पोस्टिंग’ का संदेश
धनबाद पुलिस महकमे में चर्चा है कि एसएसपी प्रभात कुमार की कार्यशैली में प्रदर्शन और जवाबदेही को विशेष महत्व दिया जा रहा है। विभागीय सूत्र संभावित फेरबदल को ‘नो परफॉर्मेंस, नो पोस्टिंग’ की नीति से जोड़कर देख रहे हैं। इसका उद्देश्य थाना स्तर पर पुलिसिंग को अधिक प्रभावी बनाना, अपराध पर नियंत्रण मजबूत करना और थाना प्रभारियों की जवाबदेही तय करना बताया जा रहा है। खासकर संवेदनशील थाना क्षेत्रों में परिणाम देने वाले अधिकारियों की तैनाती पर जोर दिए जाने की संभावना है।
पोस्टिंग की प्रतीक्षा कर रहे अफसरों को मिल सकता है मौका
संभावित ट्रांसफर-पोस्टिंग से उन इंस्पेक्टर और सब इंस्पेक्टर रैंक के अधिकारियों के लिए भी अवसर बन सकता है, जो फिलहाल पोस्टिंग की प्रतीक्षा में हैं या अपेक्षाकृत कम महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। पुलिस महकमे में चर्चा है कि फील्ड में सक्रिय रहने वाले, अपराध नियंत्रण में बेहतर परिणाम देने वाले और लंबित कांडों के त्वरित निष्पादन का रिकॉर्ड रखने वाले अधिकारियों को महत्वपूर्ण थाना क्षेत्रों में मौका दिया जा सकता है।
कोलियरी क्षेत्र के थाना व ओपी पर विशेष नजर
संभावित फेरबदल में कोलियरी क्षेत्र के थाना प्रभारियों पर विशेष नजर होने की बात कही जा रही है। कोयला क्षेत्र में अपराध, अवैध गतिविधियों, कानून-व्यवस्था और संवेदनशील मामलों को देखते हुए यहां थाना प्रभारियों की भूमिका काफी महत्वपूर्ण रहती है।ऐसे में बेहतर प्रदर्शन करने वाले अधिकारियों को इन क्षेत्रों में जिम्मेदारी देने और कमजोर प्रदर्शन वाले अधिकारियों को हटाने की रणनीति अपनाए जाने की चर्चा है।
तिसरा थाना में नए प्रभारी का इंतजार
तिसरा थाना में फिलहाल थानेदार नहीं होने के कारण यहां नई पोस्टिंग को लेकर भी पुलिस महकमे में चर्चा है। संभावित ट्रांसफर सूची में तिसरा को लेकर भी फैसला हो सकता है। यहां किस अधिकारी को जिम्मेदारी दी जाती है, इस पर पुलिस महकमे की नजर रहेगी।
कभी भी जारी हो सकती है ट्रांसफर सूची
एसएसपी प्रभात कुमार की कार्यशैली को देखते हुए पुलिस महकमे में यह चर्चा भी है कि ट्रांसफर-पोस्टिंग की सूची अचानक जारी हो सकती है। इसी वजह से संभावित बदलावों को लेकर थाना प्रभारियों और अन्य अधिकारियों के बीच भी चर्चाएं तेज हैं। हालांकि अभी तक जिला पुलिस की ओर से किसी संभावित ट्रांसफर सूची की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। इसलिए फिलहाल सामने आ रही सभी जानकारियां विभागीय चर्चाओं और सूत्रों पर आधारित हैं। अंतिम स्थिति एसएसपी के स्तर से आदेश जारी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
प्रोफेशनल पुलिसिंग पर जोर
धनबाद जिला पुलिस में यदि यह फेरबदल होता है तो इसका सीधा असर थाना स्तर की पुलिसिंग पर पड़ सकता है। संभावित बदलाव को अपराध नियंत्रण, बेहतर केस निष्पादन और जवाबदेही आधारित पुलिसिंग से जोड़कर देखा जा रहा है।
अब देखना होगा कि अंतिम सूची में कितने थानेदारों और इंस्पेक्टरों के नाम शामिल होते हैं और किन अधिकारियों को महत्वपूर्ण थाना क्षेत्रों की जिम्मेदारी मिलती है। फिलहाल धनबाद पुलिस महकमे में संभावित ट्रांसफर-पोस्टिंग को लेकर हलचल तेज है और पुलिस अधिकारियों की नजर एसएसपी के आदेश पर टिकी हुई है।




