High Court Chief Justice: पटना से बॉम्बे-कलकत्ता तक बड़ा फेरबदल, 5 हाईकोर्ट को मिलेंगे नए चीफ जस्टिस
High Court Chief Justice: सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने पटना, पंजाब एवं हरियाणा, राजस्थान, बॉम्बे और कलकत्ता हाईकोर्ट के लिए नए चीफ जस्टिस की नियुक्ति की सिफारिश की है। MP और J&K हाईकोर्ट पर फैसला लंबित है।
HighLights:
- वी. कामेश्वर राव बन सकते हैं पटना हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
- संजीव प्रकाश शर्मा के नाम पर राजस्थान हाईकोर्ट के लिए मुहर की सिफारिश
- महेश चंद्र त्रिपाठी को बॉम्बे हाईकोर्ट भेजने की सिफारिश
- रविंद्र विठ्ठलराव घुगे बन सकते हैं कलकत्ता हाईकोर्ट के पूर्णकालिक CJ
नई दिल्ली (Threesocieties.com Desk): देश के कई हाईकोर्ट में मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्ति को लेकर सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने अहम सिफारिशें की हैं। कॉलेजियम की सिफारिशों के बाद पटना, पंजाब एवं हरियाणा, राजस्थान, बॉम्बे और कलकत्ता हाईकोर्ट में मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्ति का रास्ता साफ होता दिख रहा है।
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वहीं मध्य प्रदेश हाईकोर्ट और जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट के लिए पूर्णकालिक चीफ जस्टिस के नाम पर अभी फैसला नहीं हुआ है। सुप्रीम कोर्ट की आधिकारिक Collegium Resolutions में हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्ति से संबंधित प्रस्ताव दर्ज हैं।
पटना हाईकोर्ट के लिए वी. कामेश्वर राव का नाम
दिल्ली हाईकोर्ट के जस्टिस वी. कामेश्वर राव को पटना हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाए जाने की सिफारिश की गई है। उनकी नियुक्ति से पटना हाईकोर्ट के प्रशासनिक नेतृत्व में बदलाव होगा। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने 22 मई 2026 को पटना हाईकोर्ट में मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति से संबंधित प्रस्ताव जारी किया था।
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट को मिलेंगे पूर्णकालिक चीफ जस्टिस
कॉलेजियम ने जस्टिस अश्वनी कुमार मिश्रा को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट का पूर्णकालिक मुख्य न्यायाधीश बनाए जाने की सिफारिश की है। इससे हाईकोर्ट को स्थायी नेतृत्व मिलने का रास्ता साफ होगा।
राजस्थान हाईकोर्ट के लिए संजीव प्रकाश शर्मा
जस्टिस संजीव प्रकाश शर्मा को राजस्थान हाईकोर्ट का पूर्णकालिक मुख्य न्यायाधीश बनाए जाने की सिफारिश की गई है। वे फिलहाल कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश की भूमिका में हैं और अब पूर्णकालिक नियुक्ति की सिफारिश की गई है।
इलाहाबाद के जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी बॉम्बे जाएंगे
कॉलेजियम ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी को बॉम्बे हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाए जाने की सिफारिश की है। जस्टिस त्रिपाठी इलाहाबाद हाईकोर्ट के वरिष्ठ न्यायाधीशों में शामिल हैं। उनका बॉम्बे हाईकोर्ट जाना न्यायिक प्रशासन में महत्वपूर्ण बदलाव माना जा रहा है। उपलब्ध न्यायिक रिकॉर्ड में जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी इलाहाबाद हाईकोर्ट के न्यायाधीश के रूप में दर्ज हैं।
बॉम्बे के कार्यवाहक चीफ जस्टिस को कलकत्ता भेजने की सिफारिश
वहीं बॉम्बे हाईकोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश जस्टिस रविंद्र विठ्ठलराव घुगे को कलकत्ता हाईकोर्ट का पूर्णकालिक मुख्य न्यायाधीश बनाए जाने की सिफारिश की गई है। इस तरह कॉलेजियम की सिफारिशें लागू होने के बाद देश के अलग-अलग हाईकोर्ट में न्यायिक नेतृत्व में महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकता है।
MP और जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट पर फैसला नहीं
इन नियुक्तियों के बीच मध्य प्रदेश हाईकोर्ट और जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट के लिए पूर्णकालिक मुख्य न्यायाधीश के नाम को लेकर सस्पेंस बरकरार है। कॉलेजियम ने इन दोनों हाईकोर्ट के लिए अभी कोई अंतिम सिफारिश नहीं की है।
यह स्थिति इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि मई 2026 में सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने कई हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीशों को सुप्रीम कोर्ट में पदोन्नत करने की सिफारिश की थी। इनमें पंजाब एवं हरियाणा के तत्कालीन चीफ जस्टिस शील नागू, बॉम्बे के चीफ जस्टिस श्री चंद्रशेखर और मध्य प्रदेश के चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा सहित अन्य नाम शामिल थे।
अब आगे क्या होगा?
कॉलेजियम की सिफारिश के बाद नियुक्ति की संवैधानिक प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। कॉलेजियम की सिफारिश अपने आप नियुक्ति नहीं होती। संबंधित प्रक्रिया पूरी होने और केंद्र सरकार की ओर से आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद नियुक्ति का अंतिम आदेश जारी किया जाएगा।
इस पूरे घटनाक्रम से हाईकोर्ट के प्रशासनिक ढांचे में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। खासकर पटना, पंजाब एवं हरियाणा, राजस्थान, बॉम्बे और कलकत्ता हाईकोर्ट में नए नेतृत्व की संभावित नियुक्ति पर न्यायिक क्षेत्र की नजर बनी हुई है। यानी फिलहाल पांच हाईकोर्ट में नए चीफ जस्टिस की तस्वीर लगभग साफ है, जबकि मध्य प्रदेश और जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट के लिए नामों पर सस्पेंस बरकरार है।




