आंध्र प्रदेश: श्रीशैलम में एक परिवार खत्म! तीन बहनें, भाई और 15 साल का भांजा फंदे से लटके मिले
अमरावती के श्रीशैलम में रेस्ट हाउस के कमरे में एक ही परिवार के पांच लोग मृत मिले। तीन बहनें, भाई और 15 वर्षीय भांजा फंदे से लटके मिले। पुलिस को आर्थिक तंगी के कारण सामूहिक आत्महत्या की आशंका है।
HighLights:
- श्रीशैलम के वडेरा सतारम रेस्ट हाउस में एक ही परिवार के पांच लोग मृत मिले
- दो पुरुष और तीन महिलाएं फंदे से लटकी हुई मिलीं
- मृतकों में तीन बहनें, उनका भाई और 15 वर्षीय भांजा शामिल हैं
- शुरुआती जांच में आर्थिक तंगी के कारण सामूहिक आत्महत्या की आशंका
अमरावती (Threesocieties.com Desk): आंध्र प्रदेश के प्रसिद्ध तीर्थस्थल श्रीशैलम में मंगलवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब एक रेस्ट हाउस के कमरे में एक ही परिवार के पांच सदस्य मृत मिले। पुलिस के अनुसार, दो पुरुष और तीन महिलाएं फंदे से लटकी हुई मिलीं। शुरुआती जांच में सामूहिक आत्महत्या की आशंका जताई जा रही है। पुलिस मामले की सभी पहलुओं से जांच कर रही है।
श्रीशैलम के रेस्ट हाउस में पांच शव मिलने से हड़कंप
घटना श्रीशैलम के वडेरा सतारम रेस्ट हाउस की है। यह रेस्ट हाउस मल्लिकार्जुन स्वामी मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए बनाया गया है। मंगलवार को एक कमरे से दुर्गंध आने के बाद रेस्ट हाउस के कर्मचारियों को शक हुआ। सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और कमरे का दरवाजा तोड़ा। अंदर का दृश्य देखकर पुलिसकर्मी भी हैरान रह गए। कमरे में पांच लोग मृत पाए गए। पुलिस के मुताबिक, दो पुरुष पंखे से और तीन महिलाएं वॉशरूम में फंदे से लटकी हुई थीं। प्रारंभिक जांच में आशंका है कि पांचों की मौत करीब तीन दिन पहले हुई होगी। हालांकि, मौत का सही समय पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
मृतकों में तीन बहनें, भाई और भांजा शामिल
पुलिस ने मृतकों की पहचान पल्लापु सुधाकर (50), गोगुला आदिलक्ष्मी (36), मल्लेश्वरी (45), श्रीदेवी (33) और मणिकंठा (15) के रूप में की है। 15 वर्षीय मणिकंठा, मल्लेश्वरी का बेटा था। पुलिस की शुरुआती जानकारी के अनुसार, सुधाकर और उसकी तीन बहनें तथा भांजा एक साथ श्रीशैलम आए थे। परिवार करीब एक महीने से रेस्ट हाउस के एक कमरे में रह रहा था।
28 जुलाई को ऑटो से पहुंचे थे श्रीशैलम
आत्मकुर के DSP रामंजनेयुलु ने घटनास्थल का दौरा कर मामले की जानकारी ली। पुलिस के अनुसार, परिवार श्री सत्य साईं जिले के बत्तलापल्ली का रहने वाला था। बताया गया कि परिवार 28 जुलाई को ऑटो-रिक्शा से श्रीशैलम पहुंचा था। उन्होंने वडेरा सतारम में कमरा नंबर 11 लिया था। कमरे का दैनिक किराया महज 29 रुपये बताया गया है। करीब एक महीने तक परिवार उसी कमरे में रहा। जब रेस्ट हाउस के कर्मचारियों ने उनसे कमरा खाली करने के लिए कहा तो परिवार ने कुछ और समय मांगा। उन्होंने कथित तौर पर कहा कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है और वे मंदिर में मन्नत पूरी करने के लिए श्रीशैलम में रुकना चाहते हैं।
आर्थिक तंगी बनी मौत की वजह?
पुलिस की शुरुआती जांच में परिवार के आर्थिक संकट से गुजरने की बात सामने आई है। इसी आधार पर सामूहिक आत्महत्या की आशंका जताई जा रही है। हालांकि पुलिस ने अभी तक मौत की वजह की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। पुलिस के अनुसार, मृतकों में दो महिलाएं तलाकशुदा थीं। वहीं सुधाकर ने शादी नहीं की थी और वह अपनी बहनों की देखभाल करता था। परिवार की आर्थिक और सामाजिक परिस्थितियों को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या परिवार ने कोई सुसाइड नोट छोड़ा था या किसी व्यक्ति से आर्थिक अथवा अन्य तरह का विवाद चल रहा था।
तीन दिन तक कमरे में पड़े रहे शव
पुलिस को घटना की जानकारी मंगलवार को तब मिली, जब बंद कमरे से तेज दुर्गंध आने लगी। कर्मचारियों को संदेह हुआ और उन्होंने पुलिस को सूचना दी। दरवाजा खोलने के बाद पांचों सदस्य मृत मिले। शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए श्रीशैलम के सरकारी अस्पताल भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मौत के समय और अन्य परिस्थितियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की उम्मीद है।
पुलिस ने शुरू की विस्तृत जांच
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच टीम परिवार के श्रीशैलम पहुंचने से लेकर घटना सामने आने तक की पूरी गतिविधियों की जानकारी जुटा रही है। पुलिस रेस्ट हाउस के कर्मचारियों से भी पूछताछ कर रही है। परिवार से मिलने वाले लोगों, फोन कॉल और अन्य उपलब्ध जानकारी की भी जांच की जा सकती है। फिलहाल पुलिस का कहना है कि सामूहिक आत्महत्या की आशंका है, लेकिन मौत की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
हेल्पलाइन: मानसिक परेशानी में मदद जरूर लें
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टोल-फ्री हेल्पलाइन: 1800-891-4416
केंद्र सरकार की टेली-मानस वेबसाइट: Tele-MANAS
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