बिहार: मोकामा में गैंगस्टर सोनू-मोनू गैंग पर पुलिस का शिकंजा, पिता प्रमोद सिंह गिरफ्तार
बिहार के मोकामा में पुलिस ने कुख्यात सोनू-मोनू गैंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उनके पिता और पटना हाईकोर्ट के अधिवक्ता प्रमोद सिंह को गिरफ्तार कर लिया। चार थानों की पुलिस और 50 से अधिक जवानों ने छापेमारी कर यह कार्रवाई की। सोनू सिंह और सौरभ सिंह अभी भी फरार हैं।
HighLights
- पेशे से पटना हाईकोर्ट के अधिवक्ता हैं गिरफ्तार प्रमोद सिंह
- पुलिस ने 50-60 जवानों और चार थानों की टीम के साथ छापेमारी अभियान चलाया
- सोनू सिंह और सौरभ सिंह की तलाश में घर की घेराबंदी की गई, लेकिन दोनों फरार मिले
- प्रमोद सिंह पर पुलिस के साथ दुर्व्यवहार, सरकारी कार्य में बाधा डालने और जब्त बाइक छुड़ाने का है आरोप
पटना (Threesocieties.com Desk): बिहार के मोकामा में कुख्यात सोनू-मोनू गैंग के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गैंग के कथित सरगनाओं के पिता और पटना हाईकोर्ट के अधिवक्ता प्रमोद सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। गुरुवार शाम बाढ़ एसडीपीओ रामकृष्ण के नेतृत्व में चार थानों की पुलिस और करीब 50 से 60 जवानों ने नौरंगा-जलालपुर स्थित घर की घेराबंदी कर छापेमारी की और प्रमोद सिंह को हिरासत में ले लिया।
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पुलिस की यह कार्रवाई पंचमहला थाना कांड संख्या 27/26 के तहत की गई है। गिरफ्तारी के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और पुलिस अब गैंग से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
फरार बेटों की तलाश में पहुंची पुलिस, पिता गिरफ्तार
जानकारी के अनुसार पुलिस का मुख्य उद्देश्य विधायक अनंत सिंह और पैक्स अध्यक्ष मुकेश सिंह पर फायरिंग के आरोपी सोनू सिंह और सौरभ सिंह को गिरफ्तार करना था। दोनों की तलाश में पुलिस ने उनके घर को चारों तरफ से घेर लिया, लेकिन छापेमारी के दौरान दोनों घर पर मौजूद नहीं मिले। हालांकि पुलिस को मौके पर उनके पिता प्रमोद सिंह मिल गए, जिनके खिलाफ पहले से दर्ज एक मामले में गिरफ्तारी वारंट लंबित था। इसके बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस से दुर्व्यवहार और सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक प्रमोद सिंह पर सरकारी कार्य में बाधा डालने, पुलिस टीम के साथ दुर्व्यवहार करने और पुलिस द्वारा कब्जे में ली गई एक बाइक को छुड़ाकर ले जाने का आरोप है।यह मामला 23 मार्च का बताया जा रहा है, जब अवैध बालू खनन की सूचना पर पंचमहला थाना के तत्कालीन थानाध्यक्ष कुंदन कुमार ने गंगा नदी में छापेमारी की थी। उस दौरान एक आरोपी को हथियार और कारतूस के साथ गिरफ्तार किया गया था, लेकिन पुलिस का आरोप है कि कार्रवाई के दौरान प्रमोद सिंह ने हस्तक्षेप करते हुए पुलिस कार्य में बाधा पहुंचाई थी।
चार थानों की संयुक्त कार्रवाई
इस अभियान में बाढ़ एसडीपीओ रामकृष्ण के अलावा मोकामा थानाध्यक्ष कुणाल कुमार, हाथीदह थानाध्यक्ष अभिषेक कुमार, मरांची थानाध्यक्ष रौशन कुमार और पंचमहला थानाध्यक्ष विनोद कुमार समेत बड़ी संख्या में पुलिस बल शामिल था। करीब एक घंटे तक चली तलाशी अभियान के दौरान घर और आसपास के इलाकों की भी जांच की गई, लेकिन पुलिस को सोनू सिंह और सौरभ सिंह का कोई सुराग नहीं मिला।
फायरिंग मामले में पहले से चल रही जांच
सोनू सिंह और सौरभ सिंह पर पिछले महीने पैक्स अध्यक्ष मुकेश सिंह पर फायरिंग करने का मामला दर्ज किया गया था। पुलिस लगातार दोनों आरोपियों की तलाश कर रही है। वहीं प्रमोद सिंह की गिरफ्तारी को पुलिस ने एक अलग मामले में की गई कार्रवाई बताया है।
आज भेजे जाएंगे जेल
पुलिस ने प्रमोद सिंह से देर रात तक पूछताछ की। अधिकारियों के मुताबिक आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें शुक्रवार को न्यायिक हिरासत में बाढ़ जेल भेज दिया गया।
मोकामा और बाढ़ क्षेत्र में इस कार्रवाई को अपराधियों और उनके नेटवर्क के खिलाफ पुलिस के बड़े अभियान के रूप में देखा जा रहा है। आने वाले दिनों में पुलिस सोनू-मोनू गैंग के अन्य सदस्यों और सहयोगियों पर भी कार्रवाई तेज कर सकती है।






