झरिया की जनसमस्याओं पर विधायक रागिनी सिंह का रेलवे पर दबाव, 16 गांवों के मुद्दे लेकर पहुंचीं डीआरएम के पास
झरिया विधानसभा की जनसमस्याओं को लेकर विधायक रागिनी सिंह ने रेलवे प्रबंधन से मुलाकात कर भाटडीह अंडरपास, बिजली आपूर्ति, जलभराव और 16 गांवों की समस्याओं को उठाया। डीआरएम ने कार्रवाई का आश्वासन दिया।
- विधायक रागिनी सिंह ने रेलवे प्रबंधन के समक्ष झरिया विधानसभा की जनसमस्याएं उठाईं
- भाटडीह, पारबाद, कुलटार और परसबनिया समेत 16 गांवों की समस्याओं को प्रमुखता दी
- बिजली बहाली के लिए 11 केवी केबल बिछाने और नाली निर्माण की मांग
- भाटडीह अंडरपास परियोजना में देरी पर जताई नाराजगी
- डीआरएम ने विभागीय समीक्षा कर कार्रवाई का दिया आश्वासन
धनबाद (Threesocieties.com Desk) : झरिया विधानसभा क्षेत्र की लंबे समय से लंबित जनसमस्याओं को लेकर विधायक रागिनी सिंह ने रेलवे प्रबंधन के समक्ष जोरदार तरीके से अपनी बात रखी। उन्होंने क्षेत्र के कई महत्वपूर्ण मुद्दों को रेलवे अधिकारियों के सामने उठाते हुए शीघ्र समाधान की मांग की।
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विधायक ने विशेष रूप से भाटडीह, पारबाद, कुलटार, परसबनिया समेत करीब 16 गांवों के हजारों लोगों की आवाजाही और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी समस्याओं को प्रमुखता से रखा। उन्होंने कहा कि इन इलाकों के लोग वर्षों से सड़क, बिजली, जलनिकासी और आवाजाही जैसी मूलभूत समस्याओं से जूझ रहे हैं।
बैठक के दौरान विधायक रागिनी सिंह ने भाटडीह क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बहाल करने के लिए रेलवे आरओबी के नीचे 11 केवी केबल बिछाने की अनुमति देने की मांग की। उन्होंने कहा कि तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से बिजली व्यवस्था प्रभावित होने का खामियाजा आम लोगों को भुगतना पड़ रहा है, इसलिए रेलवे को जनहित में सकारात्मक पहल करनी चाहिए। इसके अलावा, उन्होंने भाटडीह क्षेत्र में जलभराव की गंभीर समस्या का भी मुद्दा उठाया और इसके समाधान के लिए नाली निर्माण की मांग रखी। उनका कहना था कि बरसात के दिनों में लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है, जिससे जनजीवन प्रभावित होता है।
बैठक में भाटडीह अंडरपास परियोजना का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। विधायक ने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा इस परियोजना का शिलान्यास किए जाने के बावजूद अब तक कार्य शुरू नहीं होना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने रेलवे प्रशासन से इस परियोजना को जल्द शुरू करने का आग्रह करते हुए कहा कि इससे हजारों लोगों को आवागमन में राहत मिलेगी।
रागिनी सिंह ने कहा कि जनप्रतिनिधि होने के नाते क्षेत्र की समस्याओं को संबंधित विभागों तक पहुंचाना और समाधान कराना उनकी प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि झरिया की जनता लंबे समय से इन मूलभूत सुविधाओं की प्रतीक्षा कर रही है, इसलिए रेलवे प्रशासन को गंभीरता दिखानी चाहिए।
वहीं, मुलाकात के दौरान डीआरएम ने विधायक को आश्वस्त किया कि उनके द्वारा उठाए गए सभी मुद्दों और प्रस्तावों की विभागीय स्तर पर समीक्षा कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद क्षेत्र की जनता को उम्मीद है कि लंबे समय से लंबित समस्याओं के समाधान की दिशा में अब कुछ ठोस कदम उठ सकते हैं।






