3 साल की आजादी के लिए मंगेतर की हत्या? लोहगढ़ किले पर सिया-चेतन के सामने पुलिस ने दोहराया पूरा मर्डर सीन

पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल मर्डर केस में पुलिस ने सिया गोयल और चेतन चौधरी के साथ लोहगढ़ किले पर क्राइम सीन रीक्रिएट किया। जांच में गूगल सर्च, डिलीट चैट और हत्या की कथित साजिश से जुड़े कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं।

3 साल की आजादी के लिए मंगेतर की हत्या? लोहगढ़ किले पर सिया-चेतन के सामने पुलिस ने दोहराया पूरा मर्डर सीन
सिया-चेतन ने गूगल पर खोजे थे 'डेथ पॉइंट'।

       HighLights:

  • पुणे पुलिस ने सिया गोयल और चेतन चौधरी को लोहगढ़ किले ले जाकर क्राइम सीन रीक्रिएट किया
  • केतन अग्रवाल के बराबर वजन की डमी को खाई में गिराकर घटना का परीक्षण किया गया
  • जांच में सामने आया कि दोनों आरोपियों ने गूगल पर "डेथ पॉइंट" और हत्या के तरीके सर्च किए थे
  • पुलिस के अनुसार, फरवरी से ही हत्या की साजिश रची जा रही थी
  • आरोप है कि सिया शादी से बचना चाहती थी और प्रेमी चेतन के साथ भविष्य की योजना बना रही थी
  • पुलिस डिलीट किए गए व्हाट्सएप मैसेज और डिजिटल रिकॉर्ड की फोरेंसिक जांच करा रही है

पुणे (Threesocieties.com Desk): महाराष्ट्र के चर्चित केतन अग्रवाल मर्डर केस की जांच अब निर्णायक दौर में पहुंचती दिख रही है। रविवार सुबह पुणे ग्रामीण पुलिस ने मुख्य आरोपी सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी को लोहगढ़ किले पर ले जाकर पूरे घटनाक्रम का क्राइम सीन रीक्रिएट कराया। पुलिस ने केतन अग्रवाल के बराबर वजन की एक डमी तैयार कर उसी स्थान से खाई में गिराकर यह समझने की कोशिश की कि वारदात को किस तरह अंजाम दिया गया था।

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पुलिस टीम सुबह करीब 6:30 बजे दोनों आरोपियों को लेकर किले पहुंची और लगभग ढाई घंटे तक घटनास्थल पर जांच करती रही। इस दौरान आरोपियों से मौके पर पूछताछ भी की गई और उनके बयानों का मिलान किया गया।

डमी गिराकर जांची गई पूरी वारदात

जांच अधिकारियों के मुताबिक, सबसे पहले सिया गोयल को उस स्थान पर ले जाया गया जहां से कथित तौर पर केतन अग्रवाल को खाई में धक्का दिया गया था। बाद में चेतन चौधरी को भी अलग से घटनास्थल पर ले जाकर पूछताछ की गई।डीएसपी गजानन टोंपे ने बताया कि घटना को वास्तविक परिस्थितियों में समझने के लिए केतन के समान वजन की डमी तैयार की गई और उसे खाई में गिराकर पूरे घटनाक्रम को दोहराया गया। इस प्रक्रिया की वीडियो रिकॉर्डिंग भी की गई।

गूगल पर खोजे गए थे 'डेथ पॉइंट' और हत्या के तरीके

पुलिस जांच में सामने आया है कि सिया और चेतन ने कथित तौर पर हत्या से पहले गूगल पर लोहगढ़ किले के "डेथ पॉइंट", खाई तक पहुंचने के रास्ते और हत्या के तरीकों से जुड़े कई सवाल सर्च किए थे। जांच एजेंसियों के अनुसार, आरोपियों ने यह भी जानने की कोशिश की थी कि अपराध के बाद पुलिस से पूछताछ में क्या जवाब देना चाहिए और कौन-कौन से डिजिटल सबूत मिटाने चाहिए।पुलिस अब मोबाइल फोन, डिलीट किए गए व्हाट्सएप मैसेज और अन्य डिजिटल रिकॉर्ड की फोरेंसिक जांच करा रही है।

फरवरी से रची जा रही थी कथित साजिश

जांच से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, सिया और चेतन ने फरवरी से ही कथित तौर पर इस साजिश की तैयारी शुरू कर दी थी। पुलिस का दावा है कि दोनों ने पहले भी लोहगढ़ किले का दौरा किया था और वारदात से पहले संभावित स्थानों का निरीक्षण किया था।हालांकि, इन दावों की पुष्टि जांच पूरी होने और अदालत में प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर ही होगी।

'शादी नहीं करना चाहती थी सिया'

पुलिस सूत्रों के अनुसार, पूछताछ में सिया ने बताया कि वह केतन अग्रवाल से शादी नहीं करना चाहती थी, लेकिन परिवार और सामाजिक दबाव के कारण रिश्ता तोड़ने से बच रही थी। जांच एजेंसियां इस पहलू की भी पड़ताल कर रही हैं कि क्या यही कथित तौर पर हत्या की योजना के पीछे की वजह थी।

परिवार ने की सख्त सजा की मांग

इस बीच, केतन अग्रवाल के परिवार और स्थानीय लोगों ने पिंपरी-चिंचवड़ में कैंडल मार्च निकालकर न्याय की मांग की। केतन के पिता विशाल अग्रवाल ने घटना के दिन किले पर मौजूद लोगों से आगे आकर पुलिस की मदद करने की अपील की है। केतन की मां ने भी आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और सख्त सजा की मांग की है।

जांच अभी जारी

पुलिस फिलहाल आरोपियों की लोकेशन हिस्ट्री, डिजिटल रिकॉर्ड, कॉल डिटेल्स और फोरेंसिक रिपोर्ट का विश्लेषण कर रही है। जांच एजेंसियों का कहना है कि सभी तकनीकी और भौतिक साक्ष्यों के आधार पर मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएंगे।