धनबाद: फायर सेफ्टी पर सख्त हुआ प्रशासन, स्कूलों, अस्पतालों, होटलों और अपार्टमेंटों की होगी व्यापक जांच
धनबाद में फायर सेफ्टी को लेकर एसएसपी प्रभात कुमार ने सभी थाना प्रभारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। स्कूल, अस्पताल, होटल, लॉज और अपार्टमेंट में पुलिस व अग्निशमन विभाग की संयुक्त टीम फायर सेफ्टी ऑडिट करेगी। नियमों की अनदेखी करने वालों पर कानूनी कार्रवाई होगी।
HighLights
- धनबाद में फायर सेफ्टी को लेकर एसएसपी प्रभात कुमार का बड़ा निर्देश
- स्कूल, कोचिंग, अस्पताल, होटल, लॉज और अपार्टमेंट की होगी जांच
- पुलिस और अग्निशमन विभाग की संयुक्त टीम करेगी फायर सेफ्टी ऑडिट
- फायर एक्सटिंग्विशर, इमरजेंसी एग्जिट और अलार्म सिस्टम की होगी समीक्षा
- सुरक्षा मानकों में लापरवाही मिलने पर होगी कानूनी कार्रवाई
- चरणबद्ध तरीके से पूरे जिले में चलेगा विशेष अभियान
धनबाद (Threesocieties.com Desk): धनबाद जिले में सार्वजनिक स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस प्रशासन ने फायर सेफ्टी को लेकर बड़ा अभियान शुरू करने का निर्णय लिया है। वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रभात कुमार ने जिले के सभी थाना प्रभारियों को अग्नि सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया है। इसके तहत जिले के स्कूलों, कोचिंग संस्थानों, अस्पतालों, होटलों, लॉज, अपार्टमेंटों तथा अन्य भीड़भाड़ वाले प्रतिष्ठानों में चरणबद्ध तरीके से व्यापक फायर सेफ्टी जांच अभियान चलाया जाएगा।
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एसएसपी के निर्देश पर प्रत्येक थाना क्षेत्र में पुलिस एवं अग्निशमन विभाग की संयुक्त टीम गठित की जाएगी। यह टीम संबंधित संस्थानों का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध अग्नि सुरक्षा संसाधनों और आपातकालीन व्यवस्थाओं की गहन समीक्षा करेगी। अभियान का मुख्य उद्देश्य आग लगने जैसी संभावित दुर्घटनाओं को रोकना और किसी भी आपात स्थिति में लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
फायर एक्सटिंग्विशर से लेकर इमरजेंसी एग्जिट तक होगी जांच
निरीक्षण के दौरान संयुक्त टीम यह जांच करेगी कि भवनों में पर्याप्त संख्या में फायर एक्सटिंग्विशर उपलब्ध हैं या नहीं तथा वे कार्यशील स्थिति में हैं या नहीं। इसके अलावा इमरजेंसी एग्जिट, फायर अलार्म सिस्टम, पानी की उपलब्धता, अग्निशमन उपकरणों का रखरखाव और आपातकालीन सीढ़ियों की स्थिति का भी मूल्यांकन किया जाएगा। टीम यह भी देखेगी कि भवनों में आग लगने की स्थिति में लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा है या नहीं। विशेष रूप से उन संस्थानों पर फोकस रहेगा जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग आते-जाते हैं।
विद्युत सुरक्षा और कर्मचारियों के प्रशिक्षण पर भी रहेगा जोर
अभियान के दौरान विद्युत वायरिंग, शॉर्ट सर्किट से बचाव के उपाय और बिजली से संबंधित अन्य सुरक्षा व्यवस्थाओं की भी जांच की जाएगी। साथ ही यह भी देखा जाएगा कि संस्थानों के कर्मचारियों को फायर सेफ्टी संबंधी प्रशिक्षण दिया गया है या नहीं तथा आपातकालीन स्थिति में उनकी प्रतिक्रिया क्षमता कितनी प्रभावी है। विशेषज्ञों का मानना है कि अधिकांश अग्निकांडों के पीछे विद्युत शॉर्ट सर्किट और सुरक्षा मानकों की अनदेखी प्रमुख कारण होते हैं। ऐसे में यह अभियान संभावित हादसों को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
नियमों की अनदेखी करने वालों पर होगी कार्रवाई
एसएसपी प्रभात कुमार ने स्पष्ट किया है कि फायर सेफ्टी मानकों का पालन नहीं करने वाले संस्थानों को पहले आवश्यक सुधार के निर्देश दिए जाएंगे। यदि निर्धारित समय सीमा के भीतर कमियों को दूर नहीं किया गया या गंभीर लापरवाही सामने आई तो संबंधित संस्थान के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि अग्नि सुरक्षा केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि लोगों के जीवन और संपत्ति की सुरक्षा से जुड़ा अत्यंत महत्वपूर्ण विषय है। इसलिए किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
पूरे जिले में चलेगा चरणबद्ध अभियान
पुलिस और अग्निशमन विभाग का यह संयुक्त अभियान केवल एक बार की कार्रवाई नहीं होगा, बल्कि चरणबद्ध तरीके से पूरे जिले में लगातार संचालित किया जाएगा। प्रशासन का उद्देश्य सार्वजनिक स्थलों पर सुरक्षा मानकों को मजबूत करना और आग जैसी दुर्घटनाओं की संभावना को न्यूनतम स्तर तक लाना है।
धनबाद पुलिस का मानना है कि समय रहते सुरक्षा व्यवस्थाओं की जांच और सुधार से बड़े हादसों को टाला जा सकता है। इसी सोच के साथ जिले में फायर सेफ्टी को लेकर व्यापक जागरूकता और निगरानी अभियान चलाया जाएगा।






