- फाइनेंस इन्वेस्टमेंट और ऑडिट कमिटी से चर्चा के बाद EPFO ने लिया फैसला
नई दिल्ली। सेंट्रल गवर्नमेंट ने ईपीएफ के लगभग पांच करोड़ अंशधारकों के लिए 2021-22 के लिए ईपीएफ डिपॉजिट पर 8.1 परसेंट इंटरेस्ट रेट को मंजूरी दे दी है। यह चार दशकों में सबसे निचला स्तर है। सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टी और EPFO की फाइनेंस इन्वेस्टमेंट और ऑडिट कमिटी से बातचीत के बाद EPFO ने यह फैसला लिया।
यह भी पढ़ें:झारखंड: देवघर DC व मोहनपुर CO को रात आठ बजे तक हाई कोर्ट में पेश होने का आदेश
और भी पढ़ें
- 13 लाख का इनामी माओवादी संजय यादव महाराष्ट्र से गिरफ्तार, 53 मामलों में था वांटेड
- अनंत सिंह ने स्पीकर प्रेम कुमार को दिया बेटी की शादी का न्योता, विधायकी पर संकट
- अनंत सिंह के दोस्त पप्पू सलमान कौन हैं? 30 साल पुरानी यारी की दिलचस्प कहानी
- फरीदाबाद में टेक महिंद्रा COO की हत्या, पार्किंग विवाद में पड़ोसी ने मारीं 9 गोलियां
उल्लेखनीय है कि वित्त-वर्ष 2020-21 में ईपीएफओ ने 8.50 परसेंट इंटरेस्ट देने का फैसला किया था। आंकड़ों की बात करें तो कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के वित्त-वर्ष 2022 के लिए पीएफ पर मिलने वाली इंटरेस्ट दर 40 सालों में सबसे कम यानी 8.1 परसेंट है। ईपीएफओ में जमा पैसे का 15 परसेंट इक्विटी में तो बाकी रकम डेब्ट में निवेश होता है।इससे पहले इस साल मार्च में EPFO ने 2021-22 के लिए भविष्य निधि जमा पर इंटरेस्ट को 2020-21 में प्रदान किये गये 8.5 परसेंट से घटाकर 8.1 परसेंट करने का निर्णय लिया था। श्रम और रोजगार मंत्रालय ने ईपीएफ योजना के प्रत्येक सदस्यों को 2021-22 के लिए 8.1 परसेंट इंटरेस्ट रेट क्रेडिट करने के लिए सेंट्रल गवर्नमेंट की मंजूरी मांगी थी। लेबर मिनिस्ट्री ने सहमति के लिए फाइनमेंस मिनिस्ट्री को प्रोपोजल भेजा था। अब, सरकार द्वारा इंटरेस्ट रेट के अनुसमर्थन के बाद ईपीएफओ ईपीएफ अकाउंट्स में वित्तीय वर्ष के लिए निश्चित ब्याज दर जमा करना शुरू कर देगा।
EPF रेट 1977-78 के बाद सबसे कम
इंटरेस्ट की 8.1 परसेंट ईपीएफ रेट 1977-78 के बाद से सबसे कम है, उस समय यह आठ परसेंट थी। सीबीटी ने 2020-21 के लिए ईपीएफ जमा पर 8.5 परसेंट की इंटरेस्ट रेट मार्च 2021 में तय की थी। अक्टूबर 2021 में फाइनेंस मिनिस्ट्री द्वारा इसकी पुष्टि की गई थी। इसके बाद ईपीएफओ ने फील्ड ऑफिस को 2020-21 के लिए कस्टमर्स के अकाउंट में इंटरेस्ट इनकम 8.5 परसेंट पर जमा करने के निर्देश जारी किए।
कब कितनी थी इंटरेस्ट रेट?
मार्च 2020 में EPFO ने भविष्य निधि जमा पर ब्याज दर को 2019-20 के लिए सात साल के निचले स्तर 8.5 परसेंट से घटाकर 2018-19 में 8.65 परसेंट कर दिया था। वहीं, 2019-20 के लिए प्रदान की गई ईपीएफ इंटरेस्ट रेट 2012-13 के बाद से सबसे कम थी। उस समय इसे घटाकर 8.5 परसेंट कर दिया गया था। ईपीएफओ ने अपने कस्टमर्स को 2016-17 में 8.65 परसेंट और 2017-18 में 8.55 परसेंट इंटरेस्ट रेट मुहैया कराई थी। 2015-16 में इंटरेस्ट 8.8 परसेंट से थोड़ी अधिक थी। इसने 2013-14 के साथ-साथ 2014-15 में भी 8.75 परसेंट इंटरेस्ट दिया था, जो 2012-13 के 8.5 परसेंट से अधिक है। 2011-12 में इसकी इंटरेस्ट रेट 8.25 परसेंट थी।