धनबाद में DC आदित्य रंजन सख्त: नदी किनारे अवैध खनन या OB डंप मिला तो CO और थाना प्रभारी होंगे जिम्मेदार
धनबाद में अवैध खनन और नदी किनारे ओवर बर्डन (OB) डंपिंग पर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। उपायुक्त आदित्य रंजन ने स्पष्ट किया है कि दामोदर, जमुनिया और कतरी नदी किनारे अवैध खनन या OB डंपिंग मिलने पर संबंधित अंचल अधिकारी और थाना प्रभारी सीधे जवाबदेह होंगे। जिला खनन टास्क फोर्स की बैठक में कई अहम निर्देश जारी किए गए।
HighLights
- नदी किनारे ओबी डंप करना भी अवैध खनन के समान अपराध माना जाएगा
- बिना ढंके कोयला ढोने वाले वाहनों पर कार्रवाई के निर्देश
- बीसीसीएल ने बताया कि ड्रोन सर्विलांस से 446 मामले पकड़े गए
- वित्तीय वर्ष 2025-26 में अवैध कोयला खनन एवं परिवहन के 106 मामले दर्ज हुए
- 1085.40 टन अवैध कोयला और 76 वाहन जब्त किए गए,32 लोगों की गिरफ्तारी की गई
- अवैध खनन रोकने के लिए बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण की योजना
धनबाद (Threesocieties.com Desk): जिले में अवैध खनन और नदी तटों पर ओवर बर्डन (OB) डंपिंग के खिलाफ जिला प्रशासन ने अब सख्त रुख अपना लिया है। उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आदित्य रंजन ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि जिले से गुजरने वाली दामोदर, जमुनिया और कतरी नदी के किनारे यदि अवैध खनन या ओवर बर्डन डंपिंग पाई जाती है तो इसके लिए सीधे संबंधित अंचल अधिकारी (CO) और थाना प्रभारी जवाबदेह होंगे।
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यह निर्देश शनिवार को न्यू टाउन हॉल में आयोजित जिला खनन टास्क फोर्स की बैठक में दिए गए। उपायुक्त ने जिला खनन पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी और अन्य संबंधित विभागों की संयुक्त टीम को तीनों नदियों के पूरे रूट का निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
नदी किनारे OB डंपिंग को भी माना जाएगा अपराध
उपायुक्त ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि नदी किनारे अवैध रूप से ओवर बर्डन डंप करना भी अवैध खनन के समान अपराध है। उन्होंने सभी अंचल अधिकारियों और थाना प्रभारियों को ऐसे मामलों में संबंधित लोगों के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया।साथ ही, जहां अवैध खनन की आशंका अधिक है, वहां बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण कर नदी तटों को सुरक्षित और संरक्षित करने की योजना पर भी जोर दिया गया।
बिना ढंके कोयला ढोने वाले वाहनों पर भी कार्रवाई
बैठक में उपायुक्त ने जिला परिवहन विभाग को निर्देश दिया कि बिना तिरपाल या ढंके हुए कोयला परिवहन करने वाले वाहनों के चालान जारी नहीं किए जाएं और विशेष जांच अभियान चलाकर ऐसे वाहनों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
जमुनिया नदी के पास अवैध खनन पर विशेष चर्चा
बैठक के दौरान जमुनिया नदी क्षेत्र में हो रहे अवैध खनन पर विस्तार से चर्चा हुई। बीसीसीएल अधिकारियों ने जानकारी दी कि कंक्रीट ब्लॉक के जरिए अब तक 11 अवैध खनन मुहानों को बंद किया जा चुका है, जबकि अन्य अवैध मुहानों को बंद करने की प्रक्रिया जारी है।उपायुक्त ने जिला खनन पदाधिकारी को पूरे क्षेत्र का स्थल निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए।
106 प्राथमिकी, 76 वाहन और 1085 टन कोयला जब्त
जिला खनन पदाधिकारी ने बैठक में बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में माइनर मिनरल के अवैध परिवहन और खनन के मामले में 95 वाहन जब्त किए गए और 13 प्राथमिकी दर्ज हुईं। इसके साथ ही 28.67 लाख रुपये की वसूली भी की गई।वहीं मेजर मिनरल यानी कोयला खनन और परिवहन के खिलाफ 106 प्राथमिकी दर्ज की गईं। कार्रवाई के दौरान 7 ट्रक और हाईवा सहित कुल 76 वाहन जब्त किए गए तथा 1085.40 टन कोयला बरामद किया गया। इस दौरान 32 लोगों को गिरफ्तार भी किया गया।
मई तक 40 वाहन और 190 टन कोयला जब्त
अधिकारियों के अनुसार, चालू वित्तीय वर्ष में मई 2026 तक अवैध कोयला खनन और परिवहन के खिलाफ 26 प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। इस दौरान 40 वाहन और 190.5 टन कोयला जब्त किया गया है, जबकि पांच लोगों की गिरफ्तारी हुई है।
मार्च और मई में कई थाना क्षेत्रों में दर्ज हुए मामले
मार्च महीने में निरसा, जोड़ापोखर और बाघमारा थाना क्षेत्र में दो-दो मामले दर्ज किए गए, जबकि झरिया, तेतुलमारी, सुदामडीह, अलकडीहा ओपी और चिरकुंडा में एक-एक प्राथमिकी दर्ज हुई।इसी तरह मई महीने में बाघमारा में तीन, जबकि सोनारडीह ओपी, मधुबन, भाटडीह, जोगता, अलकडीहा, बलियापुर और कतरास थाना क्षेत्रों में एक-एक मामला दर्ज किया गया।
ड्रोन सर्विलांस से 446 मामले उजागर
बैठक में बीसीसीएल ने जानकारी दी कि सितंबर 2025 से मई 2026 के बीच ड्रोन निगरानी के माध्यम से अवैध खनन और कोयला चोरी के 446 मामलों का पता लगाया गया। इनमें से 201 मामलों में कार्रवाई करते हुए 53 टन कोयला बरामद किया गया।बीसीसीएल ने डोजरिंग अभियान, अवैध मुहानों को ध्वस्त करने, केंद्रीय कमांड कंट्रोल प्रणाली और सुरक्षा उपायों से जुड़ी विस्तृत जानकारी भी प्रशासन के समक्ष प्रस्तुत की।
अधिक छापेमारी और नामजद FIR के निर्देश
उपायुक्त आदित्य रंजन ने जिला खनन टास्क फोर्स, अनुमंडल दंडाधिकारियों, पुलिस उपाधीक्षकों, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारियों, अंचल अधिकारियों और थाना प्रभारियों को संयुक्त अभियान चलाकर अवैध खनन, परिवहन और भंडारण में शामिल लोगों के खिलाफ अधिक से अधिक छापेमारी और नामजद प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया।प्रशासन के इस सख्त रुख को धनबाद में लंबे समय से जारी अवैध कोयला खनन और नदी तटों के अतिक्रमण पर लगाम लगाने की दिशा में एक बड़े कदम के रूप में देखा जा रहा है।






