Gangs of Wasseypur Dhanbad : पुलिस ने तीन वारदात का किया खुलासा, प्रिंस खान गैंग के चार क्रिमिनल अरेस्ट

नबाद की पुलिस को गैंग्स ऑफ वासेपुर के गैंगस्टर फरार क्रिमिनल प्रिंस खान के खिलाफ बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने जून महीने में प्रिंस गैंग द्वारा रंगदारी के लिए दहशत फैलाने के उद्देश्य से धनबाद के बैंक मोड़, धनबाद व भूली पुलिस स्टेशन एरिया में बिजनसमैन पर की गयी फायरिंग का खुलासा किया है। पुलिस ने इन घटनाओं में शामिल चार क्रिमिनलों को आर्म्स के साथ अरेस्ट किया है। 

Gangs of Wasseypur Dhanbad : पुलिस ने तीन वारदात का किया खुलासा, प्रिंस खान गैंग के चार क्रिमिनल अरेस्ट
धनबाद पुलिस को मिली सफलता।

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धनबाद। कोयला राजधानी धनबाद की पुलिस को गैंग्स ऑफ वासेपुर के गैंगस्टर फरार क्रिमिनल प्रिंस खान के खिलाफ बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने जून महीने में प्रिंस गैंग द्वारा रंगदारी के लिए दहशत फैलाने के उद्देश्य से धनबाद के बैंक मोड़, धनबाद व भूली पुलिस स्टेशन एरिया में बिजनसमैन पर की गयी फायरिंग का खुलासा किया है। पुलिस ने इन घटनाओं में शामिल चार क्रिमिनलों को आर्म्स के साथ अरेस्ट किया है। 

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एसएसपी संजीव कुमार ने पुलिस ऑफिस में प्रेस कांफ्रेस में उक्त जानकारी दी। मौके पर एसपी रिष्मा रमेशन डीएसपी अरविंद कुमार बिन्हा समेत अन्य पुलिस अफसर मौजूद थे। एसएसपी ने बताया कि पांच जून को ठाकुर मोटर्स के प्रोपराइटर संजीवानंद ठाकुर को धैया में गोली मारने, 27 जून को वासेपुर में राशिद महाजन और 29 जून को अप्सरा ड्रेसेज के मालिक घर फायरिंग किये जाने के मामले का पुलिस ने खुलासा कर लिया है। मामले के खुलासे के लिए एसपी व डीएसपी (लॉ एंड ऑर्डर) की देखरेख  स्टेशन पुलिस टीम बनाई गई थी। यह टीम ऑर्गनाइज गैंग के ऊपर लगातार काम कर रही थी। इसी दौरान टीम को यह सफलता हाथ लगी है।

पुलिस कप्तान ने बताया कि पकड़े गये क्रिमिनल पैसे लेकर ये लेकर काम कर रहे थे। इन्हें चंद रुपयों का लालच देकर गलत काम कराया जा रहा था। उन्होंने बताया कि इनकी मदद करने वालो की भी पहचान कर ली गई है। उनके खिलाफ भी पुलिस जल्द ही कार्रवाई करेगी।पुलिस द्वारा अरेस्ट किये गये क्रिमिनलों में निचितपुर का आसिफ आलम (20), फरार चल रहा वासेपुर का मोस्टवांटेड क्रिमिनल प्रिंस खान का फुफेरा साला वासेपुर कमर मकदूमी रोड का अदनान इमाम उर्फ अंडा (19), वासेपुर गुलजार बाग का मो. अजहरुद्दीन उर्फ इमरान (21)और रांगाटांड काली मंदिर के पास निवासी बंटी रवानी (21) शामिल है। इनमे आसिफ आलम और मो.अजहरुद्दीन उर्फ इमरान पहले भी क्रिमिनल घटनाओं में शामिल रहे हैं।दोनों पहले भी जेल जा चुका हैं। पुलिस ने इन क्रिमिनलों के पास से घटना को अंजाम देने के लिए इस्तेमाल किया गया एक पिस्टल, पांच गोली, चार मोबाइल फोन, एक पल्सर बाइक और एक स्कूटी बरामद किया है। एक मोबाइल फोन एक लाख 60 हजार रुपये का आईफोन बरामद किया गया है।

कई सफेदपोश भी पुलिस के रडार पर

एसएसपी ने बताया कि प्रिंस का समर्थन कई सफेदपोश भी कर रहे हैं। इसमें कुछ बिजनसमैन भी शामिल हैं। ऐसे क्रिमिनल पुलिस की रडार पर आ चुके हैं। पुलिस इनकी अरेस्टिंग के लिए पुख्ता सबूत का इंतजार कर रही है। सबूत मिलते ही इन्हें अरेस्ट किये जायेगा। उन्होंने बताया कि इसमें वासेपुर, गोविंदपुर, बैंक मोड़, पुराना बाजार के कई सफेदपोश शामिल हैं। उन्होंने बताया कि प्रिंस गैंग के लगभग सभी सदस्य अभी जेल में हैं, इसलिए प्रिंस नए युवाओं को अपने गैंग में जोड़ने की कोशिश कर रहा है। पुलिस कप्तान ने ऐसे युवाओं को चेतावनी भी दी है कि अगर वह क्राइम में किसी तरह से शामिल होते है तो उन्हें कार्रवाई के लिए तैयार रहना होगा।

इमरान व अदनान ने चलाई थी गोली
एसएसपी ने बताया कि धैया में मोटर पार्ट्स बिजनसमैन संजीवानंद ठाकुर पर प्रिंस खान का शूटर भोमा राजा का भाई मो. इमरान उर्फ अजहरुद्दीन और प्रिंस का फुफेरा साला अदनान उर्फ अंडा ने गोली चलाई थी। इन लोगों ने पीठ पर गोली इसलिए मारी थी ताकि संजीवानंद की मौत न हो और वह रंगदारी देने के लिए तैयार हो जाए। एसएसपी ने बिजनसमैन से अपील की है कि वे लोग प्रिंस खान को रंगदारी नहीं दे। पुलिस से कंपलेन करें।

रंगदारी मांगने पर पुलिस से कंपलेन करें बिजनसमैन

बैंक मोड़ पुलिस स्टेशन एरिया के भूली ओपी अंतर्गत सात जून को मछली कारोबारी राशिद महाजन के घर पर फायरिंग और 29 जून को भूली ओपी एरिया में अप्सरा ड्रेसेज के मालिक के घर के बाहर फायरिंग की घटना हुई थी। धनबाद पुलिस स्टेशन एरिया के धैया में ठाकुर मोटर्स के मालिक को पांच जून को गोली मारी गयी थी। पुलिस ने इन तीन घटनाओं का खुलासा कर लिया है। कुख्यात भगोड़ा क्रिमिनल प्रिंस के गुर्गों पर इलिगल आर्म्स रखने रखने , बिजनसमैन से रंगदारी मांगने, फायरिंग करने व और धमकी देने का आरोप है।  एसएसपी संजीव कुमार ने यह भी बताया कि इस संगठित गैंग लगभग सफाया हो चुका है।अब इन्हें रंगदारी वसूली की वारदात को अंजाम देने के लिए बंदा नहीं मिल रहा है। नतीजन अपने गैंग में नये भर्ती के लिए ये सफेदपोश नेताओं का सहारा ले रहें है। यहां तक मासूम बच्चों और किशोर युवा को पैसे की लालच दे कर गिरोह में भर्ती करना चाहते हैं। पिछले दिनों पुलिस ने प्रिंस खान गिरोह की मदद पहुंचाने वाले और रंगदारी की रकम को मैनेज करने वाले सफेदपोश हॉस्पिटल संचालक और व्यवसायी समेत10 लोगों को अरेस्ट कर जेल भेजा गया था। 

उन्होंने कहा कि अभी भी कुछ सफ़ेदपोश गैंग की भर्ती में मदद कर रहें है। पुलिस उन्हें चिन्हित कर रही है। हर हाल में संगठित गिरोह को नेस्तनाबूद करके छोड़ेंगे।एसएसपी ने कहा कि रंगदारी वसूलने के लिए प्रिंस खान के गुर्गे दहशत का कारोबार कर रहें है। इउन्होंने मीडिया से भी अपील की वे इन संगठित अपराधियों के दहशत कारोबार और वायरल मैसेज को बढ़ावा दे कर उनका सहयोग नहीं करें। इस गैंग के खात्मा के लिए पुलिस ने कमर कस लिया है।