धनबाद: झरिया मारवाड़ी सम्मेलन ट्रस्ट में ‘सांवरिया राज’, 615 वोटों से सुनील सांवरिया बने नय‍े अध्यक्ष

झरिया मारवाड़ी सम्मेलन ट्रस्ट के चुनाव में सुनील सांवरिया ने 615 वोटों से शानदार जीत दर्ज कर अध्यक्ष पद हासिल किया। जानिए चुनाव परिणाम, प्राथमिकताएं और समाज की उम्मीदें।

धनबाद: झरिया मारवाड़ी सम्मेलन ट्रस्ट में ‘सांवरिया राज’, 615 वोटों से सुनील सांवरिया बने नय‍े अध्यक्ष
सुनील सांवरिया (फाइल फोटो)।

धनबाद (Threesocieties.com Desk): झरिया मारवाड़ी समाज की प्रतिष्ठित संस्था झरिया मारवाड़ी सम्मेलन ट्रस्ट के बहुप्रतीक्षित चुनाव में बड़ा फैसला सामने आया है। सुनील सांवरिया ने शानदार जीत दर्ज करते हुए अध्यक्ष पद पर कब्जा जमा लिया है। उन्हें कुल 615 वोट मिले, जिससे उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वियों को भारी अंतर से पीछे छोड़ दिया।

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चुनाव में उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी डॉ. ओ.पी. अग्रवाल को 229 वोट, जबकि निवर्तमान अध्यक्ष राजकुमार अग्रवाल को 130 वोट ही मिल सके। नतीजों के बाद समर्थकों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला और पूरे परिसर में जश्न का माहौल बन गया।

अग्रसेन भवन में शांतिपूर्ण मतदान, भारी भागीदारी

झरिया स्थित अग्रसेन भवन में सुबह 9 बजे से मतदान प्रक्रिया शुरू हुई, जिसमें समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। पूरे चुनाव के दौरान शांतिपूर्ण और उत्साहपूर्ण माहौल बना रहा। मतदान समाप्ति के बाद जैसे ही परिणाम घोषित हुए, समर्थकों ने फूल-मालाओं और बधाइयों के साथ जीत का स्वागत किया।

1956 से समाज सेवा की मजबूत विरासत

साल 1956 में स्थापित इस ट्रस्ट का समाज में महत्वपूर्ण स्थान है। इसके अंतर्गत कई प्रमुख संस्थाएं संचालित होती हैं, जिनमें— श्री अग्रसेन भवन, महिला महाविद्यालय, मारवाड़ी विद्यालय, बालिका विद्या मंदिर और मातृ सदन जैसी संस्थाएं शामिल हैं, जो शिक्षा, सामाजिक सेवा और जन-कल्याण के क्षेत्र में अहम भूमिका निभा रही हैं।

नई सोच के साथ आगे बढ़ने का संकल्प

नवनिर्वाचित अध्यक्ष सुनील सांवरिया ने जीत के बाद कहा कि उनकी प्राथमिकता— शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार, संगठन को और मजबूत बनाना, युवाओं को सशक्त करना, पारदर्शी व्यवस्था लागू करना व  प्रभावी शिकायत निवारण तंत्र विकसित करना रहेगी।उन्होंने कहा, “यह जीत किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि पूरे समाज की एकता, विश्वास और संस्कारों की जीत है। हम सब मिलकर विकास की नई कहानी लिखेंगे।”

समाज में नई उम्मीद, नेतृत्व से बड़ी अपेक्षाएं

सुनील सांवरिया की जीत को समाज में एक नई शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है। उनके नेतृत्व से लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक विकास के क्षेत्रों में सकारात्मक बदलाव की उम्मीद है।