झारखंड: पलामू में अवैध ‘मिनी मोबाइल फैक्ट्री’ का भंडाफोड़, घर में चल रहा था रीफर्बिश्ड फोन का धंधा, दो गिरफ्तार

पलामू के पांकी में पुलिस ने अवैध मिनी मोबाइल फैक्ट्री का खुलासा किया है। जियो और सैमसंग के रीफर्बिश्ड मोबाइल बनाकर बेचने वाले गिरोह के दो सदस्य गिरफ्तार, हजारों मोबाइल पुर्जे बरामद।

झारखंड: पलामू में अवैध ‘मिनी मोबाइल फैक्ट्री’ का भंडाफोड़, घर में चल रहा था रीफर्बिश्ड फोन का धंधा, दो गिरफ्तार
पलामू पुलिस की सफलता।
  • HighLights
  • पांकी में घर के अंदर चल रही थी अवैध मोबाइल असेंबलिंग फैक्ट्री
  • जियो और सैमसंग के कीपैड मोबाइल बनाकर बाजार में की जा रही थी सप्लाई
  • दो आरोपी गिरफ्तार, हजारों मोबाइल पार्ट्स व ई-वेस्ट बरामद
  • कॉपीराइट, ट्रेडमार्क और पर्यावरण संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज

मेदिनीनगर (पलामू)। पलामू पुलिस ने पांकी थाना क्षेत्र में एक चौंकाने वाली कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से संचालित “मिनी मोबाइल फैक्ट्री” का पर्दाफाश किया है। यहां पुराने और खराब मोबाइल पार्ट्स को जोड़कर जियो और सैमसंग कंपनी के कीपैड मोबाइल तैयार किए जा रहे थे, जिन्हें नए मोबाइल की तरह बाजार में बेचा जा रहा था।

यह भी पढ़ें: झारखंड: अपहृत कैरव सुरक्षित लौटा, लेकिन अपराधी ‘अदृश्य’! क्या जमशेदपुर में लौट रहा है अपहरण का साया?

गुप्त सूचना के आधार पर की गई इस कार्रवाई में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है और उनके कब्जे से हजारों मोबाइल पुर्जे, तैयार मोबाइल, ई-वेस्ट और रिपेयरिंग उपकरण बरामद किए हैं।

एसपी ने किया खुलासा

पलामू एसपी रीष्मा रमेशन ने बताया कि सूचना मिली थी कि पांकी थाना क्षेत्र के खाप सरौना गांव निवासी विकल्प कुमार सिंह (30) के घर में अवैध रूप से मोबाइल फोन तैयार कर बाजार में बेचे जा रहे हैं। सूचना के आलोक में लेस्लीगंज एसडीपीओ के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित कर छापेमारी की गई।

घर के अंदर देखकर पुलिस भी रह गई दंग

छापेमारी के दौरान घर के प्रथम तल पर एक कमरे में बड़ी मात्रा में पुराने मदर बोर्ड, जियो व सैमसंग के कीपैड मोबाइल, मोबाइल बॉडी, चार्जर, बैट्री व रिपेयरिंग मशीनें और ई-वेस्ट बरामद किय गयेे। मौके की स्थिति देखकर पुलिस को यह किसी पूरी तरह सेट-अप “मिनी मोबाइल फैक्ट्री” जैसा प्रतीत हुआ। पूछताछ में विकल्प कुमार सिंह कोई वैध कागजात प्रस्तुत नहीं कर सका।

सहयोगी की भूमिका भी आई सामने

कड़ाई से पूछताछ में विकल्प कुमार सिंह ने खुलासा किया कि पांकी बस्ती निवासी रंजीत कुमार (24) उसे पुराने मदर बोर्ड, बॉडी, चार्जिंग पिन, माइक्रोफोन आदि उपलब्ध कराता था। वह इन पार्ट्स से मोबाइल असेंबल कर चालू हालत में तैयार करता और फिर रंजीत कुमार को सौंप देता था, जो उन्हें बाजार में खपाता था। इसके बाद पुलिस ने रंजीत कुमार के घर पर भी छापेमारी की, जहां से प्लास्टिक बोरे में पुराने मदर बोर्ड विभिन्न कंपनियों के मोबाइल डिब्बे (चार्जर-बैट्री सहित) बरामद किए गए। वह भी कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका।

इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला

इस संबंध में पांकी थाना कांड संख्या-08/2026 (दिनांक 27 जनवरी 2026) के तहत मामला दर्ज किया गया है। लागू धाराएं: BNS-2023 की धारा 318(2), 318(4), 349, 338, 336(3), 3(5), ट्रेडमार्क अधिनियम 1999 की धारा 103/104 व पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 की धारा 5। पुलिस ने बताया कि जियो और सैमसंग कंपनी के अधिकारियों से संपर्क कर कॉपीराइट उल्लंघन के तहत भी आगे की कार्रवाई की जाएगी।

छापेमारी टीम में शामिल अधिकारी

पांकी थाना प्रभारी: राजेश रंजन

एसआइ.: रविंद्र साय, अनुप टोपनो

एएसअइ.: प्रमोद कुमार राय

आरक्षी: शंकर राम, अक्षय कुमार रजक, अर्जुन सिंह, अभिषेक कुमार पासवान

बरामद सामान का विवरण

पुराने मदर बोर्ड – 112 पीस

जियो कीपैड मोबाइल – 135 पीस

सैमसंग कीपैड मोबाइल – 200 पीस

मोबाइल डिस्प्ले – 120 पीस

विभिन्न कंपनी के मोबाइल डिब्बे – 186 पीस

मोबाइल ई-वेस्ट – 3 बोरा

सोल्डर मशीन, ब्लोवर, कटर, चिमटा सहित कई उपकरण