झारखंड के 6 IPS अफसरों का बढ़ा कद! केंद्र में IG रैंक पर इम्पैनल, देशभर के 55 नाम हुए खारिज
केंद्र सरकार ने IG रैंक पर प्रतिनियुक्ति के लिए झारखंड कैडर के 6 IPS अधिकारियों को इम्पैनल किया है। मयूर पटेल कन्हैयालाल, राकेश बंसल, अनीश गुप्ता समेत कई अफसरों को केंद्र में बड़ी जिम्मेदारी मिलने का रास्ता साफ हो गया है। 68 अधिकारियों को मंजूरी मिली जबकि 55 नाम खारिज हुए।
- अखिलेश कुमार झा व राकेश बंसल समेत 6 अफसरों को मिली मंजूरी
- देशभर के 68 IPS अफसर शॉर्टलिस्ट, 55 बाहर
- प्रधानमंत्री की नियुक्ति समिति की मुहर
रांची (Threesocieties.com Desk): केंद्र सरकार ने भारतीय पुलिस सेवा (IPS) अधिकारियों की केंद्रीय प्रतिनियुक्ति को लेकर बड़ा फैसला लिया है। कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय के अधीन कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) द्वारा जारी आदेश के अनुसार झारखंड कैडर के छह वरिष्ठ IPS अधिकारियों को केंद्र में आईजी (Inspector General) या समकक्ष रैंक पर नियुक्ति के लिए इम्पैनल किया गया है।
यह भी पढ़ें: धनबाद BJP में बवाल: महानगर जिला उपाध्यक्ष धनेश्वर महतो हुए पदमुक्त, बढ़ी सियासी गर्मी
प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली कैबिनेट की नियुक्ति समिति (ACC) ने देशभर के 68 IPS अधिकारियों के नामों को मंजूरी दी है, जबकि 55 अधिकारियों के नाम खारिज कर दिए गए। वहीं छह अधिकारियों के मामलों पर फिलहाल निर्णय टाल दिया गया है। गृह मंत्रालय की ओर से 9 अप्रैल 2026 को भेजे गए प्रस्ताव के आधार पर यह कार्रवाई की गई।
इस फैसले के बाद झारखंड कैडर के अफसरों की प्रशासनिक और केंद्रीय स्तर पर पकड़ मजबूत मानी जा रही है। खासकर कानून-व्यवस्था, नक्सल ऑपरेशन और प्रशासनिक अनुभव रखने वाले अधिकारियों को केंद्र में बड़ी जिम्मेदारियां मिलने की संभावना बढ़ गई है।
झारखंड कैडर के ये IPS अधिकारी हुए इम्पैनल
केंद्र सरकार द्वारा जारी सूची में झारखंड कैडर के जिन अधिकारियों को IG रैंक के लिए इम्पैनल किया गया है, उनमें शामिल हैं—
2003 बैच के IPS अखिलेश कुमार झा
2007 बैच के IPS मयूर पटेल कन्हैयालाल
2007 बैच के IPS राकेश बंसल
2008 बैच के IPS अनीश गुप्ता
2008 बैच के IPS एम तमिलवानन
2008 बैच के IPS अजय लिंडा
इन अधिकारियों को अब केंद्र सरकार के विभिन्न सुरक्षा, जांच और खुफिया संगठनों में IG या समकक्ष स्तर की जिम्मेदारी मिल सकती है।
क्या होता है इम्पैनलमेंट?
इम्पैनलमेंट वह प्रक्रिया है जिसके जरिए केंद्र सरकार वरिष्ठ IPS अधिकारियों को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति के लिए योग्य घोषित करती है। इसके बाद अधिकारी केंद्रीय एजेंसियों जैसे CRPF, BSF, CISF, IB, NIA, CBI या अन्य महत्वपूर्ण विभागों में नियुक्त किए जा सकते हैं।यह प्रक्रिया अधिकारियों की सेवा रिकॉर्ड, प्रदर्शन, अनुभव और मूल्यांकन के आधार पर तय होती है। इस बार 2008 बैच के IPS अधिकारियों के लिए प्रोविजनल कट-ऑफ स्कोर 8.76 निर्धारित किया गया था।
झारखंड पुलिस महकमे के लिए क्यों अहम है फैसला?
राज्य प्रशासनिक हलकों में इस फैसले को झारखंड पुलिस के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। लंबे समय से केंद्रीय एजेंसियों में झारखंड कैडर के अधिकारियों की सक्रिय भूमिका रही है। ऐसे में छह अधिकारियों का एक साथ इम्पैनल होना राज्य के लिए प्रतिष्ठा की बात मानी जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इससे आने वाले समय में झारखंड कैडर की राष्ट्रीय स्तर पर मौजूदगी और प्रभाव दोनों बढ़ेंगे। साथ ही राज्य के युवा पुलिस अधिकारियों के लिए भी यह प्रेरणादायक माना जा रहा है।






