• यूपी: Hathras Case के आरोपियों ने SP को लिखा पत्र, खुद को बताया बेकसूर
  • बूलगढ़ी गांव में मृत दलित युवती को लेकर आरोपितों ने खुद को बेकुसूर बताया
  • मृत युवती के साथ कभी भी गंदा काम नहीं किया
  • उनलोगों की मृत युवती से फोन पर बात होती थी इसी कारण मृत युवती के भाई ने ही उसको बुरी तरह पीटा

लखनऊ। Hathras Case में जहां एसआइटी जांच के बीच सीबीआइ जांच की अनुशंसा की गई है। इस बीच बूलगढ़ी गांव में दलित युवती की मौत मामले में  जेल में बंद आरोपियों ने एसपी हाथरस को पत्र भेजकर कई अहम नयी जानकारी दी है। जेल से एसपी को भेजी गई लेटर  में चारों आरोपी संदीप, रामू, रवि और लवकुश के साइन और अंगूठे के निशान भी हैं। जेलर आलोक सिंह ने बंदी आवेदन पत्र को हाथरस एसपी को भेज दिया है।

बूलगढ़ी गांव में मृत दलित युवती केस के आरोपियों ने एसपी हाथरस को भेजे गये लेटर में कहा है कि वे चारों बेकसूर हैं।उन्होंने मृत युवती के साथ कभी भी गंदा काम नहीं किया। इन सभी की लड़की से फोन पर बात होती थी, इसी कारण युवती के भाई ने ही उसको बुरी तरह पीटा। चारों ने हाथरस एसपी को भेजे गये पत्र  मृत युवती के भाई पर ही गंभीर आरोप लगाये हैं। बूलगढ़ी गांव निवासी आरोपी संदीप, रामू, रवि तथा लवकुश हाथरस जेल में बंद हैं। चारोंने बुधवार रात हाथरस एसपी को लेटर लिखा। यह लेटर एसपी को गुरुवार को मिला है।

आरोपियों ने एसपी को भेजे गये लेटर में  खुद को झूठे मामले में फंसाये जाने की बात कही है। मुख्य आरोपी संदीप ने लेटर में पूरे घटनाक्रम का उल्लेख किया है। आरोपी की कहना है कि उसकी तो मृत युवती से जान-पहचान थी और फोन पर बातचीत होती थी। इस केस में आरोपी बनाये गये  रवि और रामू उसके परिवार से ताल्लुक रखते हैं और रिश्ते में उसके चाचा हैं।मुख्य आरोपी ने दावा किया कि उसकी मृत युवती के साथ दोस्ती थी, जिस पर उसके परिवार को एतराज था। आरोपी का कहना है कि घटना वाले दिन वह युवती से  मिलने खेत पर गया था। लेकिन बाद वह मृत युवती के भाई व मां के कहने पर घर वापस लौट आया था और अपने पिता के साथ पशुओं को पानी पिला रहा था। मुख्य आरोपी संदीप ने मृत युवती के भाई और उसकी मां पर मृत युवती के साथ मारपीट करने का आरोप लगाया है। आरोपियों ने लिखा है कि उनकी मृत युवती से दोस्ती थी। हम लोगों की फोन पर बात होती थी। इसी वजह से उस दिन मां और भाई ने लड़की की पिटाई की थी। यह लोग भी मौके पर बाद में पहुंचे थे। उन्हें  पानी भी पिलाया था, लेकिन उल्टा उन्हें ही फंसा दिया गया। चारों आरोपियों ने इस मामले में पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग की है।आरोपियों का कहना  कि उनकी मृत युवती से दोस्ती और काफी देर फोन पर ओर बात करने की वजह से उसको भाई व मां ने पीटा है। इतनी बुरी तरह पीटा है, इसकी जानकारी हम लोगों को नहीं थी। इन लोगों ने कहा कि घटना वाले दिन भी हमारी मृत युवती से मुलाकात हुई थी। इस दौरान लड़की की मां तथा भाई के कहने पर मैं वहां से चला गया। हमारी फोन पर बात होती थी, लेकिन हमने कभी उसको न तो मारा-पीटा और न ही उसके साथ गलत काम किया। 

 हाथरस केस में सामने आया घटनास्थल का वीडियो

हाथरस केस में  एक वीडियो सामने आया है। बताया जा रहा है कि यह वीडियो 14 सितंबर को रिकॉर्ड किया गया है। वारदात के बाद खेत में शूट किये गये  इस वीडियो में चप्पल, हसियां अन्य सामान बिखरे दिख रहे हैं। ऐसे कहा जा रहा है घटना के समय कई लोग थे। इसके साथ यह भी कहा जा रहा है कि वारदात के समय पीड़िता की मां कुछ ही दूरी पर थी, ऐसे में उनके पास तक आवाज पहुंच सकती थी।पुलिस का दावा है कि वारदात के बाद मौके पहुंची टीम ने यह ने वीडियो शूट किया था। वीडियो में चार हसियां ,चप्पल और अन्य सामान बिखरा दिख रहा है जो यह साबित करता है कि घटना के वक्त वहां पर कई लोग मौजूद थे। अब यूपी पुलिस का कहना है कि सबूत के तौर पर इसे सीबीआई को सौंपा जाएगा, ताकि घटना के बाद की स्थिति की जानकारी जांच एजेंसी को मिल सके।