- बंगाल में लगातार हो रही बीजीपी लीडरों की मर्डर के खिलाफ पार्टी का नबन्ना चलो आंदोलन
- आरोप पुलिस के साथ आये उपद्रवियों ने पत्थर फेंके, बीजेपी वर्कर्स के साथ रोड पर धरने पर बैठे कैलाश विजयवर्गीय
कोलकाता। पश्चिम बंगाल में लगातार हो रही बीजेपी लीडरों की मर्डर के खिलाफ भाजपा ने नबन्ना चलो आंदोलन के तहत विरोध प्रदर्शन किया है। हावड़ा में बीजेपी कार्यकर्ताओं ने 'नबन्ना चलो' आंदोलन को रोकने के लिए लगाये गये पुलिस बैरिकेड को तोड़ने की कोशिश की । स्थिति को कंट्रोल करने लिए पुलिस ने आंसू गैस का इस्तेमाल किया।लाठी चार्ज की गयी।

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राज्य सचिवालय की ओर बीजेपी के मार्च के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं और पश्चिम बंगाल पुलिस के बीच झड़प हुई। पुलिस ने कहा कि बीजेपी कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को राज्य सचिवालय की ओर मार्च के दौरान बैरिकेड्स को तोड़ने की कोशिश की।कोलकाता और हावड़ा के हजारों बीजेपी कार्यकर्ताओं ने राज्य में 'बिगड़ती' कानून व्यवस्था के विरोध में नबन्ना चलो' मार्च शुरू किया। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने लाठीचार्ज किया। वहीं हावड़ा जिले के संतरागाछी में बीजेपी कार्यकर्ताओं पर आंसू गैस और वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया, जिसमें पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष राजू बनर्जी और एमपी ज्योतिर्मय सिंह महतो घायल हो गये।

कोलकाता के हेस्टिंग्स एरिया में भीड़ को कंट्रोल करने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज किया। बीजेपी की ओर से चार प्रमुख रैलियां का आयोजन किया गया था जिसमें से दो कोलकाता और दो हावड़ा जिले से शिबपुर की ओर बढ़नी थी। बीजेपी ने आरोप लगाया कि पुलिस के साथ आए कुछ लोगों ने उनके ऊपर पथराव भी किया।आरोप है कि वे शांति के मार्च निकाल रहे थे लेकिन उनके ऊपर पथराव किया गया। भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय बीच सड़क में धरने पर बैठ गये हैं। गवर्नमेंट पर जानबूझकर उन लोगों पर लाठियां चलवाने का आरोप लगाया जा रहा है।

बीजेपी के प्रदर्शन को देखते हुए राज्य सरकार ने विद्यासागर सेतु और हावड़ा ब्रिज को पूरी तरह से बंद कर दिया है। यहां पर वाहनों के आने-जाने पर पूरी तरह से रोक दिया गया था। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर यहां जमकर लाठीचार्ज किया। उनके ऊपर वॉटर कैनन का प्रयोग किया गया। कैलाश विजयवर्गीय बीच सड़क पर धरने पर बैठ गये हैं। उन्होंने कहा कि हम लोग लोकतांत्रित तरीके से प्रदर्शन कर रहे थे लेकिन ममता ने हम लोगों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन को हिंसा में बदल दिया। पुलिस के साथ आये बदमाशों ने हम लोगों पर पत्थर बरसाये।