पटना। सीनीयर आइपीएस अफसर व पटना एसएसपी मानवजीत सिंह ढि़ल्लो आतंकी संगठन PFI द्वारा दी जा रही ट्रेनिंग की तुलना RSS की शाखाओं में दिए जाने वाले शारीरिक प्रशिक्षण से कर बुरी तरह फंस गये हैं। इस मामले में आरएसएस के एक सदस्य की शिकायत पर ढिल्लों के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने एफआइआर दर्ज की है।
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पीएफआइ व आरएसएस की तुलना
पिछले दिनों पीएम नरेंद्र मोदी के पटना दौरे से ठीक पहले पटना पुलिस ने रेड कर भारत को मुस्लिम राष्ट्र बनाने व जिहाद की साजिश रच रहे कुछ आतंकियों को पकड़ा था। ये आतंकी पीएम मोदी के पटना दौरे के दिन भी कोई खतरनाक साजिश रच रहे थे। आतंक के इस पटना माड्यूल की जानकारी मीडिया को देते हुए एसएसपी मानवजीत सिंह ढिल्लो ने आतंकी संगठन पीएफआइ के आतंकी प्रशिक्षण की तुलना आरएसएस की शाखाओं में दिए जाने वाले प्रशिक्षण से कर दी। इसपर बिहार में राजनीति गरमा गई। बीजेपी नेताओं ने एसएसपी पर कार्रवाई की मांग की। वहीं, एसएसपी ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि उनकी बातों को तोड़-मरोड़ कर पेश किया जा रहा है।
एसएसपी के खिलाफ दिल्ली में एफआइआर
आरएसएस के सदस्य अश्वनी गुप्ता ने दिल्ली के हौज खास थाने में पटना के एसएसपी मानवजीत सिंह ढिल्लो के खिलाफ एफआइआर दर्ज की है। एफआइआर भारतीय दंड विधान (IPC) की धाराओं 153A, 153B, 295A, 499, और 500 के तहत दर्ज की गई है। एफआइआर आतंकी संगठन पीएफआइ द्वारा दिए जाने वाले प्रशिक्षण तथा आतंकियों की साल 2047 तक भारत को इस्लामिक राष्ट्र बनाने की साजिश के नेटवर्क की जानकारी देते वक्त एसएसपी द्वारा की गई टिप्पणी को लेकर दर्ज की गई है।
आरएसएस को बदनाम करने का लगाया आरोप
अश्वनी गुप्ता ने खुद को बचपन से आरएसएस का सदस्य बताया है। उन्होंने पटना के एसएसपी पर जानबूझकर हिंदुओं की धार्मिक भावनाएं आहत करने और आरएसएस को बदनाम करने के आरोप लगाए हैं। अश्विनी के अनुसार आरएसएस एक गैर राजनीतिक व सामाजिक संगठन है। यह देश सेवा, व जन कल्याण के लिए काम करता है। उन्होंने ऐसे संगठन की पीएफआइ से तुलना करने को लेकर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।